खो-खो के राष्ट्रीय खिलाड़ी का तीर्थनगरी में सम्मान

खो खो के राष्ट्रीय खिलाड़ी इमरान को उड़ीसा से राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में प्रतिभाग कर लौटने पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य जयेन्द्र रमोला ने माल्यार्पण कर व मिष्ठान खिलाकर स्वागत किया।
इस अवसर पर जयेन्द्र रमोला ने कहा कि आज इमरान ने साबित कर दिया कि प्रतिभा को आगे बढ़ाने से नहीं रोका जा सकता है। उन्होंने कहा कि इमरान ने ग़रीबी में रहकर भी स्वयं व खो-खो के शिक्षक नागेश राजपूत के प्रयासों से अपने को साबित किया है। इसीलिए आज यह युवा छोटे से शहर से निकलकर राष्ट्रीय स्तर पर अपने नाम के झण्डे गाड़ रहा है। रमोला ने कहा कि ऐसे खिलाड़ियों को हम सबको प्रोत्साहित करना चाहिये, ताकि ऐसे खिलाड़ियों का मनोबल बना रहे।
खो-खो खिलाड़ी इमरान ने कहा कि मुझे मेरे परिवार का बड़ा सपोर्ट मिला है और इसमें सबसे बड़ा योगदान मेरे गुरू नागेश राजपूत का है जिनके सहयोग से मुझे आज राष्ट्रीय स्तर पर खेलने का अवसर प्राप्त हुआ।
स्वागत करने वालों में नगर उद्योग व्यापार महासंघ के महामंत्री अखिलेश मित्तल, गौरव यादव, लक्ष्मी कुलियाल, हिमांशु जाटव, आदित्य झा आदि मौजूद थे।

खरोला ने भाजपा विधायक को सिर्फ घोषणा करने वाला बताया

उत्तराखंड कांग्रेस के प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला ने जानकारी देते हुए बताया कि आज ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत गुमानीवाला ग्राम सभा में नवनियुक्त किसान कांग्रेस के पदाधिकारियों का स्वागत किया गया।
खरोला ने कहा कि निरंतर कांग्रेस का परिवार ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र मे बढ़ रहा है। लगातार पुराने कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां देकर नए कार्यकर्ताओं को जोड़ने का सिलसिला जारी है। इसी कड़ी में आज गुमानीवाला क्षेत्र में एक बैठक के अंतर्गत उत्तम कुमार को किसान कांग्रेस का जिला अध्यक्ष व शंभू शंकर को पंचायती राज प्रकोष्ठ में जिला महासचिव बनने पर स्वागत समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें काफी संख्या में नए कार्यकर्ताओं ने भी कांग्रेस का दामन थामा।
खरोला ने आरोप लगाया कि एक तरफ भाजपा निरंतर नौजवानों का शोषण कर रही है। वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस ने यह बीड़ा उठाया है। वह नौजवानों के अधिकारों के लिए उनके रोजगार के लिए एक रणनीति के तहत कार्य करेगी। खरोला ने कहा कि ऋषिकेश के विधायक ने पिछले 15 वर्षों में विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत विद्यार्थी, युवाओं, किसानों, व्यापारियों के लिए कोई ऐसी योजना नहीं बनाई जिससे किसी भी वर्ग का भला हो सके। ऋषिकेश के विधायक ने सिर्फ कोरी घोषणाओं के अलावा और कोई कार्य नहीं किया है। जिसका परिणाम ऋषिकेश विधानसभा के लोग आज भुगत रहे हैं और इन हालातों में ऋषिकेश की जनता ने अपना स्पष्ट मन बना लिया है कि इस बार ऋषिकेश में सत्ता परिवर्तन होकर रहेगा।
कार्यक्रम में पूर्व मंत्री शूरवीर सजवान, पूर्व ब्लाक प्रमुख केएस राणा, जयेंद्र रमोला, मनोज गुसाईं, राजेंद्र गैरोला, देवेंद्र बेलवाल, शोभा भट्ट, मनीष व्यास आदि उपस्थित रहे।

धामी सरकार को मिली कामयाबी, हाईकोर्ट ने श्रद्धालुओं की संख्या से रोक हटाई

हाइकोर्ट नैनीताल ने बदरीनाथ-केदारनाथ सहित चारधाम यात्रा के श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ाए जाने के मामले को लेकर दायर याचिका पर मंगलवार को सुनवाई हुई। हाइकोर्ट ने चारों धाम में श्रद्धालुओं की निर्धारित संख्या से रोक हटा दी है। अब तीर्थ यात्री बेरोकटोक चारधाम यात्रा के लिए जा सकेंगे। साथ ही हाईकोर्ट ने निर्देश दिया है कि शासन को कोविड प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करवाना होगा। कोर्ट के इस आदेश से सरकार सहित दूसरे प्रदेशों से आने वाले तीर्थ यात्रियों, चारधाम यात्रा रूट पर होटलों, दुकानदारों आदि स्थानीय लोगों को भी बड़ी राहत मिली है।
मुख्य न्यायमूर्ति आरएस चौहान व न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की खंडपीठ में सुनवाई के दौरान महाधिवक्ता एसएन बाबुलकर व मुख्य स्थाई अधिवक्ता चंद्रशेखर रावत ने उत्तराखंड सरकार का पक्ष रखते हुए कहा कि चारधाम यात्रा शुरू करने के लिए तीर्थ यात्रियों की सख्यां को निर्धारित किया गया था। साथ ही, तीर्थ यात्रियों को कोविड प्रोटोकॉल का पालन करने की भी सख्त हिदायत दी गई थी।
माधिवक्ता द्वारा कहा गया कि चारधाम यात्रा करने के लिए कोविड को देखते हुए कोर्ट ने पूर्व में श्रद्धालुओं की संख्या निर्धारित कर दी थी। लेकिन वर्तमान समय मे प्रदेश में कोविड के केस ना के बराबर आ रहे है। इसलिए चारधाम यात्रा करने के लिए श्रद्धालुओं की निर्धारित संख्या के आदेश में संशोधन किया जाए।कहा कि चारधाम यात्रा समाप्त होने में 40 दिन से कम का समय बचा हुआ है।
इसलिए जितने भी श्रद्धालु वहां आ रहे है उन सबको दर्शन करने की अनुमति दी जाए। जो श्रद्धालु ऑनलाइन दर्शन करने हेतु रजिस्ट्रेशन करा रहे है, वे भी नहीं आ पा रहे हैं। जिसके कारण वहां के स्थानीय लोगो पर रोजी-रोटी का खतरा उत्पन्न हो रहा है। सरकार द्वारा कोर्ट ने पूर्व दिए गए दिशा-निर्देशों का हर सम्भव प्रयास किया जा रहा। चारधाम यात्रा में सभी सुविधाओं को उपलब्ध करा दिया गया है।
सरकार की तरफ से यह भी कहा गया है कि चारधाम यात्रा करने के लिए श्रद्धालुओं की निर्धारित संख्या से रोक हटाई जाए या फिर श्रद्धालुओं की संख्या तीन से चार हजार प्रतिदिन किया जाए ताकि दूसरे प्रदेशों से भी लोग दर्शन को आ सकें। कहा कि कोरोना महामारी पर कोविड गाइडलाइन का सख्ती से पालन भी किया जा रहा है। सरकार का पक्ष सुनने के बाद हाईकोर्ट ने रोक हटा दी गई है।

बाबा के बुलावे पर सीएम केदारनाथ पहुंचे, तीर्थ पुरोहितों ने किया जोरदार स्वागत

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज प्रातः 9 बजे निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार केदारनाथ धाम पहुंचे। हेली पेड पर देवस्थानम बोर्ड, जिला प्रशासन सहित तीर्थ पुरोहितों ने उनकी अगवानी की तथा स्वागत किया गया।
हेलीपैड से मुख्यमंत्री श्री केदारनाथ मंदिर दर्शन को पहुंचे जहां उन्होंने सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए बाबा केदारनाथ भगवान के दर्शन किये। उनकी ओर से मुख्य पुजारी बागेश लिंग ने रुद्राभिषेक का पाठ किया। देश एवं प्रदेश के खुशहाली की मंगलकामना की। देवस्थानम बोर्ड द्वारा उन्हें श्री केदारनाथ भगवान का प्रसाद एवं रुद्राक्ष माला भेंट की।
मुख्यमंत्री आदि गुरु शंकराचार्य के समाधि स्थल गये और वहां समाधि स्थल पुनर्निर्माण कार्य का निरीक्षण किया। आदि गुरु शंकराचार्य जी की मूर्ति को हेलीकॉप्टर से कुछ दिनों पूर्व श्री केदारनाथ धाम पहुंचाया गया है। मुख्यमंत्री ने संपूर्ण केदारनाथ धाम में चल रहे पुनर्निर्माण कार्यों का मौके पर अवलोकन भी किया। उन्होंने पुनर्निर्माण में लगे अधिकारियों, इंजीनियरों, मजदूरों के साथ ही श्रद्धालुओं से भी बातचीत की।
इस अवसर पर उत्तराखंड चारधाम देवस्थानम बोर्ड के सदस्य एवं वरिष्ठ तीर्थ पुरोहित श्रीनिवास पोस्ती, पर्यटन सचिव दिलीप जावलकर, जिलाधिकारी मनुज गोयल, पुलिस अधीक्षक आयुष अग्रवाल, उपजिलाधिकारी योगेन्द्र सिंह, देवस्थानम बोर्ड के मंदिर प्रशासनिक अधिकारी यदुवीर पुष्पवान, प्रबंधक अरविंद शुक्ला, प्रदीप सेमवाल भी मौजूद रहे।

एसओपी का पालन करते हुए चारधाम यात्रा पर आएं श्रद्धालु-सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केदारनाथ धाम के पुनर्निर्माण कार्यों का निरीक्षण करने के बाद देहरादून वापस आकर प्रेस वार्ता की। मुख्यमंत्री आवास स्थित जनता दर्शन हॉल में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए उन्होंने चार धाम आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे कोविड गाइडलाइन को ध्यान में रखते हुए चार धाम के लिए जारी की एसओपी का पूरा पालन करें। यात्रा पर निकलने से पहले अपने सभी जरूरी दस्तावेज और कोविड-19 नेगेटिव रिपोर्ट और वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट को साथ अवश्य लाएं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि न्यायालय ने चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं के लिए प्रतिदिन निर्धारित सीमा को हटा दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि यात्रा भी चलती रहे और यात्रियों की सुरक्षा भी रहे, इसके लिए कोविड गाइड लाइन के तहत यात्रा को सकुशल संपन्न कराया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि यात्रा को लेकर जो भी दिक्कतें हैं उन्हें जल्द दूर करने हेतु निर्देश दे दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने केदारनाथ धाम के पुनर्निर्माण कार्याे की जानकारी देते हुए बताया कि आगामी 30 अक्टूबर तक शंकराचार्य की समाधि का काम पूरा हो जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केदारनाथ धाम के लिए 409 करोड़ के कार्य प्रस्तावित हैं जिनमें 225 करोड़ का कार्य पूरा हो गया है, जबकि फेज 2 में 114 करोड़ का कार्य निर्माणाधीन है। इसी तरह से बदरीनाथ धाम के लिए 245 करोड़ के कार्य प्रस्तावित हैं। मुख्यमंत्री श्री धामी ने जानकारी देते हुए बताया कि चारों धामों हेतु पुनर्निर्माण एवं सौंदर्यीकरण हेतु 708 करोड़ रुपए के कार्य गतिमान और प्रस्तावित हैं।

सीएम हेल्पलाइन को लेकर सीएम सख्त, दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में सीएम हेल्पलाइन-1905 की समीक्षा के दौरान अधिकारियों को निर्देश दिये कि यह सुनिश्चित किया जाय कि सीएम हेल्पलाइन पर प्राप्त जन शिकायतों का समाधान समयबद्धता से हो। इसके लिए एक उच्च स्तरीय मॉनिटरिंग मैकेनिज्म बनाया जाय। एक माह में मुख्य सचिव द्वारा एवं प्रत्येक 15 दिन में विभागीय सचिवों इसकी मॉनिटरिंग के लिए बैठक की जाय।

जन शिकायतों के समाधान में लापरवाही पर सख्त कार्रवाई होगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि सीएम हेल्पलाइन पर जन शिकायतों के समाधान के लिए अगर किसी स्तर पर संबंधित अधिकारी द्वारा लापरवाही बरती जा रही है, तो ऐसे अधिकारियों पर शीघ्र सख्त कार्रवाई की जाय। समाज के अन्तिम पंक्ति तक के लोगों को सीएम हेल्पलाइन से मदद मिले एवं उनकी समस्याओं का समाधान हो, इसकी जानकारी भी जन-जन तक पहुंचाई जाय। यदि सीएम हेल्पलाइन पर कोई आपातकालीन कॉल आती है, तो संबंधित व्यक्ति की मदद के लिए संबंधित हेल्पलाइन नम्बर या आपातकालीन सेवाओं से उन्हें कनेक्ट करने की व्यवस्था भी की जाय।

सीएम ने शिकायतकर्ताओं से फीडबैक लिया
मुख्यमंत्री ने कहा कि जो शिकायतें या शिकायती पत्र सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय में आती हैं, उन्हें भी सीएम हेल्पलाइन में डाला जाए। जन शिकायतों एवं समस्याओं का समाधान करना सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सीएम हेल्पलाइन 1905 के शिकायतकर्ता अगस्त्यमुनी के पंकज गोस्वामी एवं हल्द्वानी की बीना पंत से फोन से भी वार्ता की। पंकज गोस्वामी ने देवभूमि एप पर पुलिस वेरिफिकेशन के लिए अप्लाई किया था। काफी समय तक वेरिफिकेशन न होने के कारण उन्होंने सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत की थी। उन्होंने बताया कि सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत के 12 घण्टे के अन्दर ही उनका पुलिस वेरिफिकेशन हो गया था। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। बीना ने बताया कि उन्होंने विद्युत से संबंधित समस्या के समाधान के लिए सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत की थी। सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत करने के बाद जल्द ही समस्या का समाधान हो गया था। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया और कहा कि 1905 नम्बर जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के लिए काफी कारगर साबित हो रहा है।
निदेशक आईटीडीए डॉ. आशीष कुमार श्रीवास्तव ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नम्बर पर जन शिकायत प्रतिदिन सुबह 8 बजे से रात्रि 12 बजे तक दर्ज की जा रही है। पहले यह रात्रि के 10 बजे तक दर्ज की जा रही थी। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद इसे 2 घण्टे और बढ़ाया गया है। सीएम हैल्पलाईन में 54 विभाग एवं 155 उप विभाग पंजीकृत हैं। समस्याओं के समाधान के लिए चार स्तर बनाये गये हैं। जो क्रमशः ब्लॉक, जिला, विभागाध्यक्ष एवं शासन स्तर तक है। सीएम हेल्पलाइन 1905 पर अभी तक कुल 174250 शिकायतें दर्ज की जा चुकी हैं। जिसमें से 105060 शिकायतकर्ता की संतुष्टि के बाद बंद कर दी गई है। शेष पर अलग-अलग स्तर पर प्रक्रिया गतिमान है।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन, प्रमुख सचिव आर.के.सुधांशु, सचिव शैलेश बगोली, अरविन्द सिंह ह्यांकी, विनोद कुमार सुमन, अपर सचिव सोनिका उपस्थित थे।

विभिन्न विकास कार्यों के लिए सीएम ने दी वित्तीय स्वीकृति

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभिन्न विकास कार्यों हेतु वित्तीय एवं प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्र कपकोट में तुपेड पंचायत घर भल्यूडा धमग्यू स्वतंत्रता संग्राम सेनानी माधो सिंह राजकीय इण्टर कॉलेज तुपेड से करूली बैण्ड चिडंग क्लाग मिलान हेतु मोटर मार्ग (नवनिर्माण) हेतु 15 लाख रूपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने एससीएसपी के अन्तर्गत विधानसभा क्षेत्र डीडीहाट के अन्तर्गत थल मोटर मार्ग में बुंगाछीना के पास ओलीगांव से अगन्या तक मोटर मार्ग के निर्माण कार्य हेतु 16.98 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र प्रतापनगर के अन्तर्गत विभिन्न 3 कार्यों हेतु 92.85 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र सोमेश्वर के अन्तर्गत बजोल बाजार से अम्लियकाण्डे मोटर मार्ग का सुधारीकरण एवं डामरीकरण कार्य हेतु 229.16 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र देवप्रयाग के अन्तर्गत विभिन्न 3 निर्माण कार्यों हेतु 96.24 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र ज्वालापुर के अन्तर्गत विभिन्न 2 कार्यों हेतु 92.53 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।

मुख्य सचिव की हेली ऑपरेटर्स के साथ बैठक

मुख्य सचिव एस.एस. सन्धु ने मंगलवार को सचिवालय में हेली ऑपरेटर्स के साथ बैठक की। मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में हेली सर्विस को बढ़ाने के लिए हर सम्भव प्रयास कर रही है, और इसमें हेली ऑपरेटर्स के सहयोग की आवश्यकता है। उन्होंने प्रदेश में पर्यटन के दृष्टिकोण से नए डेस्टिनेशन विकसित करने के लिए सभी हेली सेवा प्रदाताओं से सुझाव और सहयोग की अपेक्षा भी की। कहा कि प्रदेश सरकार हेली सेवाओं को बढ़ाने के लिए किसी प्रकार का बैरियर नहीं लगाना चाहती।
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आपदा से सम्बन्धित कार्यों में किए हेली सेवाओं द्वारा किए गए कार्यों का भुगतान समय पर किया जाए। उन्होंने सचिव सिविल एविएशन को चार्टर हेली सेवा के लिए अलग से एस.ओ.पी. जारी करने के भी निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने कहा कि हरिद्वार एवं ऋषिकेश विश्व के प्रसिद्ध पर्यटन केंद्र हैं, इन दोनों शहरों को हेली सर्विस से जोड़ने हेतु हेलीपैड के लिए जगह शीघ्र चिन्हित कर ली जाएं। इससे हरिद्वार ऋषिकेश की कनेक्टिविटी में बहुत बड़ा परिवर्तन आएगा।
मुख्य सचिव ने निदेशक जॉलीग्रांट एयरपोर्ट से हेलीपोर्ट्स में एमआरओ फैसिलिटी की सुविधा उपलब्ध कराए जाने की बात कही। उन्होंने कहा इससे हेली सेवा प्रदाताओं को काफी सुविधा मिलेंगी।
इस अवसर पर सचिव दिलीप जावलकर एवं सीईओ यूकाडा स्वाति भदौरिया सहित विभिन्न हेली सेवा प्रदाता कंपनियों के स्वामी और प्रतिनिधि उपस्थित थे।

प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर डीजीपी ने दिए निर्देश

पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रस्तावित जनपद देहरादून (एम्स ऋषिकेश) भ्रमण कार्यक्रम की तैयारियों के सम्बन्ध में पुलिस मुख्यालय सभागार में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की एक बैठक ली। बैठक के दौरान प्रधानमंत्री के जनपद भ्रमण कार्यक्रम के दृष्टिगत किए गए सुरक्षा-प्रबंधों की समीक्षा की गई तथा वर्तमान सुरक्षा परिदृश्य के दृष्टिगत सभी को सजग व सतर्क रहकर अपना कर्तव्य निर्वहन करने हेतु निर्देशित किया गया।
बैठक के दौरान अशोक कुमार द्वारा निम्न निर्देश दिये-
1. एयरपोर्ट जौलीग्रांट, हैलीपैड एवं कार्यक्रम स्थल एम्स ऋषिकेश की सुरक्षों मानकों के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था की जाये।
2. यह सुनिश्चित कर लिया जाये कि वीवीआईपी फ्लीट में लगे वाहन सही स्थिति में हो तथा चालकों का चरित्र सत्यापन एवं चिकित्सा परीक्षण समय से करा लिया जाये।
3. जौलीग्रांट एयरपोर्ट में एयर ट्रैफिक कन्ट्रोलर से समन्वय स्थापित कर लिया जाये।
4. वीवीआईपी कार्यक्रम के दौरान स्थानीय जनता को कम दिक्कत हो और सुरक्षा के मानक अपनी जगह बने रहे इसको लेकर यातायात प्लान बनाया जाये।
5. वीवीआईपी ड्यूटी के लिए जारी कोविड गाइडलाइन का शत प्रतिशत अनुपालन कराना सुनिश्चित किया जाये।
6. कार्यक्रम स्थल के अन्दर केवल अधिकृत व्यक्तियों को ही प्रवेश कराया जाये।
7. कार्यक्रम स्थल पर अग्निशमन उपकरणों की भी पर्याप्त व्यवस्था हो।
8. ब्रीफिंग एवं रिहर्सल समय से कराने हेतु निर्देशित किया।
बैठक में पुलिस महानिरीक्षक, अपराध एवं कानून व्यवस्था वी मुरूगेशन, पुलिस महानिरीक्षक, अभिसूचना एवं सुरक्षा संजय गुंज्याल, पुलिस उपमहानिरीक्षक, सुरक्षा कृष्ण कुमार वीके, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, देहरादून जन्मेजय खंडूरी, पुलिस अधीक्षक, अभिसूचना निवेदिता कुकरेती कुमार, सहित अन्य पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।

विस अध्यक्ष ने बनखण्डी में आतंरिक मार्गों के लिए दी विधायक निधि

ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत बनखंडी में जनता मिलन कार्यक्रम के दौरान विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने क्षेत्र में आंतरिक मोटर मार्ग के निर्माण के लिए विधायक निधि से 6 लाख 50 हजार रुपये देने की घोषणा की।
इस अवसर पर विस अध्यक्ष अग्रवाल ने कहा कि ऋषिकेश विधानसभा में लोक निर्माण विभाग के माध्यम से 50 करोड से अधिक लागत से सड़क मार्गाे का निर्माण हो चुका है। उन्होंने कहा कि विगत साढ़े 4 वर्षों में विकास प्राधिकरण के माध्यम से त्रिवेणी घाट का सौंदर्यीकरण एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पथ प्रकाश व्यवस्था एवं अनेक आंतरिक मोटर मार्गाे का निर्माण किया गया है।
विस अध्यक्ष ने कहा कि ऋषिकेश में रहने वाले टिहरी विस्थापितों की वर्षाे पुरानी मांग को पूरा करते हुए सात राजस्व ग्रामों को घोषित किया गया है, जिससे वहां के लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है।
इस अवसर पर विस अध्यक्ष ने कहा कि ऋषिकेश राजकीय महाविद्यालय में छात्रों को प्रवेश में दिक्कतें होती थी, जिसको देखते हुए श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय का परिसर पंडित ललित मोहन शर्मा राजकीय महाविद्यालय के कैंपस स्थापित किया गया, जिससे अब छात्रों को निर्विवाद रूप से पठन-पाठन करने में सुविधा हो रही है। उन्होंने कहा है कि बैराज स्थित झील में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए भी कार्य योजना तैयार की गई है, इसकी विगत दिनों मुख्यमंत्री ने विधिवत घोषणा भी की है।
उन्होंने कहा कि शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्र में पेयजल के माध्यम से सीवरेज के लिए लगभग 500 करोड रुपए की योजनाएं संचालित की जाएगी जिसकी कार्रवाई गतिमान है। इस अवसर पर अग्रवाल ने कहा है कि विकास अनवरत चलने वाली प्रक्रिया है जो निरंतर ऋषिकेश विधानसभा में चल रही है इसके लिए उन्होंने जनता के सहयोग के लिए भी आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर स्थानीय पार्षद राजेश दिवाकर, मंडल अध्यक्ष दिनेश सती, सुमित पवार, वरिष्ठ पार्षद शिव कुमार गौतम, रामदेव शर्मा, संजीव पाल, हरीश तिवारी, राकेश पारछा, विनोद पाल, सतीश पाल, राजेश पाल, राजू नरसिम्हा, संदीप, विनोद आदि सहित अनेक लोग उपस्थित थे।