घरों के बाहर, धार्मिक व पर्यटन स्थल सहित कार्यालयों में कोविड जागरूकता के स्टीकर लगेंगे

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने सचिवालय में कोविड की रोकथाम एवं बचाव कार्यों की बैठक लेते हुए अधिकारियों का निर्देश दिये कि कोविड-19 पर प्रभावी नियंत्रण के लिए जन जागरूकता अभियान में और तेजी लाई जाय। प्रदेश में हर घरों के दरवाजों, धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों, कार्यालयों, वाहनों में कोविड से जागरूकता हेतु स्टीकर लगाये जाय। इसके लिए जन प्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों एवं एनजीओ से सहयोग लिया जाय। प्रदेश में पर्यटन की गतिविधियों में तेजी आई है एवं त्योहारों का सीजन भी शुरू होने वाला है। इसके दृष्टिगत मास्क के उपयोग, सोशल डिस्टेंसिंग एवं स्वास्थ्य विभाग की गाइडलाईन के अनुसार सभी व्यवस्थाएं सुचारु रखी जाय। इसके लिए बड़े स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया जाय। कोविड से बचाव के लिए लोगों को जागरूक करना उद्देश्य होना चाहिए। जिन लोगों के मास्क के उपयोग न करने पर चालान किये जा रहे हैं, उन्हें मास्क जरूर उपलब्ध कराये जाय। सीनियर डॉक्टर कोविड के मरीजों को दिन में कितनी बार चेकअप कर रहे हैं, इसकी नियमित मॉनिटरिंग की जाय।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने इस अवसर पर कोरोना जॉच परिणाम के लिए ऑनलाइन पोर्टल का शुभारम्भ किया। टेस्ट कराने वाले व्यक्ति को स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, विभाग, उत्तराखण्ड के कोविड मैनेजमेंट पोर्टल कोविड19डाॅटयूकेडाॅटजीओवीडाॅटइन पर जाकर टेस्ट के समय प्राप्त एसआरएफआईडी एवं रजिस्टर्ड मोबाईल नम्बर पर जांच रिपोर्ट प्राप्त हो जायेगी। यह पोर्टल उत्तराखण्ड एनआईसी द्वारा बनाया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कोरोना पर नियंत्रण हुआ है, लेकिन यह समय और अधिक सतर्कता बरतने का है। विश्व स्वास्थ्य संगठन एवं स्वास्थ्य विभाग की गाइड लाइन के अनुसार सभी मानकों का पालन सुनिश्चित हो। त्योहारों के सीजन में पुलिस की भूमिका और अधिक बढ़ जायेगी। इसके लिए पुलिस फोर्स, होमगार्ड, पीआरडी आदि की समुचित व्यवस्था की जाय। पर्यटक स्थलों पर भी फोर्स की पर्याप्त संख्या हो।

मुख्य सचिव ओम प्रकाश ने कहा कि जन जागरूकता एवं संवेदनशील प्रशासन पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। मुख्य सचिव ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिये कि अगर कोई मामला ऐसा आता है कि अनाधिकृत डॉक्टरों द्वारा मरीजों को दवा दी जा रही है, तो उन पर सख्त कार्रवाई की जाय। ट्रू-नॉट टेस्टिंग बढ़ाई जाय।

इस अवसर पर सचिव स्वास्थ्य अमित नेगी, अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, डीजी लॉ एण्ड ऑर्डर अशोक कुमार, सचिव आरके सुधाशु, नितेश झा, एसए मुरूगेशन, आईजी संजय गुंज्याल, महानिदेशक सूचना डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट, महानिदेशक स्वास्थ्य डॉ. अमिता उप्रेती एवं वीडियो कॉफ्रेंस के माध्यम से सभी जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एवं सीएमओ उपस्थित थे।

17 अक्टूबर को भाजपा प्रदेश कार्यालय का होने जा रहा शिलान्यास

भारतीय जनता पार्टी के नए प्रदेश कार्यालय का भूमि पूजन व शिलान्यास भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा 17 अक्टूबर को दिल्ली से वर्चुअल माध्यम से करेंगे। देहरादून में कार्यालय निर्माण स्थल पर आयोजित समारोह की अध्यक्षता भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत द्वारा की जाएगी और मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की कार्यक्रम में गरिमामय उपस्थिति रहेगी।
भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ देवेंद्र भसीन ने बताया कि भाजपा उत्तराखंड का नया प्रदेश कार्यालय देहरादून में आउटर रिंग रोड पर बनाया जाना है। यह कार्यालय करीब 3 एकड़ भूमि पर बन रहा है और इसकी वास्तु कला पर्वतीय वास्तु कला के आधार पर तैयार की गई है इस कार्यालय में सभी आधुनिक सुविधाएं व तकनीकी तकनीकी उपकरण रहेंगे ।जहां इसमें पदाधिकारियों के कार्यालयों का निर्माण किया जाएगा।

इस कार्यालय के भवन निर्माण का भूमि पूजन व शिलान्यास भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा 17 अक्टूबर को प्रातः साढ़े 10 बजे दिल्ली से वर्चुअल माध्यम द्वारा करेंगे। उनके साथ केंद्र सरकार के मंत्री, सांसद व अन्य पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहेंगे। देहरादून में निर्माण स्थल पर होने वाले कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत अध्यक्षता करेंगे और मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की गरिमामई उपस्थिति रहेगी। कार्यक्रम में प्रदेश महामंत्री संगठन अजय कुमार, महामंत्री राजू भंडारी, कुलदीप कुमार आदि शामिल होंगे।

सोशल मीडिया का हुआ सही इस्तेमाल, 14 माह बाद बिछड़ा लड़का परिजनों से मिला

14 माह पूर्व लापता हुए बेटे की जिंदा होने की खबर लगते ही परिवार में खुशी का माहौल है। यह खुशी का माहौल सोशल मीडिया की वजह से संभव हो पाया। जी हां, यह हकीकत है, घटना उत्तर प्रदेश के जनपद उन्नाव के ग्राम शफीपुर की है। यहां 13 वर्षीय मिथिलेश पुत्र कमलेश को 14 महीने पूर्व मेले में देर होने पर घरवालों ने फोन पर डांट लगा दी। डांट से घबराया मिथिलेश ट्रेन पकड़कर नानी के यहां जाने की बात कहने लगा। मगर, गलत ट्रेन में सवार हो गया और उन्नाव से ढंढेरा रूड़की पहुंच गया। यहां ढंडेरा निवासी राव इमरान नामक मुस्लिम नागरिक ने मिथिलेश को अपने पास रखा और उसके परिजनों तक पहुंचने के लिए सोशल मीडिया का सहारा लिया।

राव इमरान को इसमें सफलता भी हाथ लग गई। बेटे के जिंदा होने की जानकारी जैसे ही परिजनों को मिली तो वह खुशी से झूम उठे। बृहस्पतिवार को मिथिलेश की माता फूल दुलारी, पिता कमलेश और दादा रामपाल ढंढ़ेरा पहुंचे और बेटे को लेकर उन्नाव के लिए निकले।

पिरूल, सौर ऊर्जा नीति से लोगों के रोजगार को बढ़ाने पर ध्यान दें जिलाधिकारीः त्रिवेंद्र

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने जिलाधिकारियों को वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से निर्देश दिये कि मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना, सौर ऊर्जा व पिरूल ऊर्जा नीति से लोगों के रोजगार के अवसर बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाय। सरकार की इन जन महत्वकांक्षी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन के लिए जिलाधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। एलईडी ग्राम लाईट योजना के तहत जिन स्थानों पर प्रोडक्शन का कार्य शुरू हो चुका है। उन स्थानों पर सीडीओ एवं सबंधित विभागीय अधिकारी जाकर महिला स्वयं सहायता समूहों से कार्य में आ रही समस्याओं की जानकारी लें। ताकि उनका शीघ्रता से निवारण हो सके।

उन्होंने कहा कि इसके लिए राज्य में कुछ क्षेत्र हब के रूप में विकसित करने होंगे। एलईडी ग्राम लाईट योजना के लिए महिला स्वयं सहायता समूहों को उचित प्रशिक्षण, रॉ मेटिरियल एवं सप्लाई चेन की व्यवस्था करनी होगी। स्थानीय स्तर पर लोगों की आय में वृद्धि के लिए सुनियोजित तरीके से कार्य करने होंगे। त्योहारों के सीजन के दृष्टिगत स्थानीय स्तर पर बनाये गये उपकरणों की मार्केंटिंग के लिए स्वयं सहायता समूहों को सहयोग दिया जाय।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिजली चोरी को रोकने के लिए सभी जनपदों में सघन अभियान चलाया जाय। इसके लिए दोषियों पर सख्त कारवाई की जाय। विद्युत विभाग के अधिकारियों की भी जिम्मेदारी तय की जाय। विद्युत लाईनों की वजह से होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए ठोस योजना बनाई जाय। विद्युत लाईनों की नियमित जांच, आवश्यकतानुसार अंडर ग्राउण्ड केबलिंग की व्यवस्था की जाय। विद्युत लाईनों की वजह से होने वाली दुर्घटनाओं पर निर्धारित मानकों पर क्षतिपूर्ति एक सप्ताह के अन्दर दिया जाय। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बरदाश्त नहीं की जायेगी। यह सुनिश्चित किया जाय कि दुर्घटना के कारणों की जांच रिपोर्ट सबंधित क्षेत्र के विद्युत विभाग के अधिकारियों से शीघ्र उपलब्ध हो। बिजली के बिल की रशीद लोगों तक नियमित रूप से पहुंचे। पिरूल नीति से 40 हजार से अधिक लोगों के आय के संसाधन बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है। इस नीति के सफल क्रियान्वयन के लिए जिलाधिकारियों को विशेष ध्यान देने की जरूरत है। इससे बिजली उत्पादन के साथ ही अनेक पर्यावरणीय लाभ भी हैं। पिरूल एकत्रीकरण से स्थानीय स्तर पर महिलाओं के आय के संसाधन बढ़े हैं।

सचिव ऊर्जा राधिका झा ने कहा कि विभागों को की-परफार्मेंस इंडिकेटर दिये जाने से उर्जा के क्षेत्र में तेजी से प्रगति हुई है। विद्युत उत्पादन में वृद्धि हुई है। यूजेवीएनएल, यूपीसीएल, पिटकुल एवं उरेडा निर्धारित लक्ष्यों के हिसाब से अच्छा कार्य कर रहे हैं। शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत उपलब्धता की स्थिति बहुत अच्छी है।

राज्य सरकार कार्मिकों की समस्याओं के समाधान के लिए सदैव तत्पर

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत से गुरूवार को सचिवालय में उत्तराखण्ड कार्मिक एकता मंच के अध्यक्ष रमेश चन्द्र पाण्डे एवं अन्य पदाधिकारियों ने भेंट की। मंच के पदाधिकारियों ने कोरोना काल के दौरान कार्मिकों के वेतन से की जा रही कटौती को बन्द करने व प्रदेश पर लगे हड़ताली तमगे को हटाने के लिए कार्मिक संघों और विभागाध्यक्षों के बीच संवाद कायम करने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार कार्मिकों की समस्याओं के समाधान के प्रति सदैव तत्पर रही है। प्रदेश के विकास में कार्मिकों की महत्वपूर्ण भागीदारी रहती है। उन्होंने कर्मचारी संगठनों का आह्वाहन किया कि वे अपनी समस्याओं के समाधान के लिए आपसी संवाद एवं समन्वय को माध्यम बनाये। आपसी संवाद एवं सहयोग से ही समस्याओं के समाधान की राह प्रशस्त होती है। प्रदेश की जनता की भलाई व राज्य हित हम सबके लिए सर्वोपरि होना चाहिए।

इससे पूर्व मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में उत्तराखण्ड कार्मिक एकता मंच द्वारा अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी से भेंट की। अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने राज्य में हड़ताल की स्थिति न आने देने के लिए कार्मिक एकता मंच द्वारा की जा रही पहल की सराहना करते हुए कहा कि कार्मिक संघों और विभागाध्यक्षों के बीच हर तीसरे माह बैठक सुनिश्चित करायी जायेगी। इस अवसर पर आयोजित बैठक में बेसिक से एलटी में समायोजित पदोन्नत शिक्षकों को चयन प्रोन्नत वेतनमान दिये जाने के मामले में शिक्षा व वित्त सचिव को मंच के साथ बैठक करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में प्रोन्नत वेतनमान की व्यवस्था में उत्तम व अतिउत्तम श्रेणी पर आपत्ति उठाते हुए मंच ने कहा कि पदोन्नति की प्रक्रिया के लिए प्रविष्टयों का जो मापदण्ड निर्धारित है, उसी को एसीपी के लिए भी आधार बनाया जाय। इस पर सहमति हुई और वित्त विभाग को संशोधन हेतु निर्देश दिए गए।

बैठक में राज्य के दिब्यांग कार्मिकों की पदोन्नति हेतु अलग गैलरी होने के कारण उनकी वरिष्ठता सूची पृथक से बनाये जाने की मांग की गयी जिस पर सहमति हुई। बैठक में दिब्यांग कार्मिकों के वाहन भत्ते की राशि को पुनरीक्षित किये जाने पर भी सहमति हुई। बैठक में बन निगम कार्मिकों से आडिट आपत्ति के नाम पर की जा रही वसूली के मामले में शीघ्र उच्च स्तरीय बैठक बुलाने पर भी सहमति हुई।

बैठक में शासन की ओर से सचिव वित्त सौजन्या, उप सचिव कार्मिक महावीर सिंह, अनुभाग अधिकारी संदीप शर्मा थे जबकि एकता मंच की ओर से महासचिव दिगम्बर फुलोरिया, दिनेश गुंसाई, बीएस रावत, प्रदीप पपनै, ई अजय बेलवाल, बीपी सिंह थे।

30 वर्षों के मेंटेनेंस एग्रीमेंट के साथ किया जा रहा हाईटेक शौचालयों का निर्माणः अनिता

ऋषिकेश नगर निगम की प्रथम मेयर अनिता ममगाईं ने तहसील परिसर पर हाईटेक शौचालय का शिलान्यास किया। स्वच्छ भारत मिशन एवं 14वें वित्त आयोग की मदद एवं शहरी विकास मंत्रालय के सहयोग से स्व. बडोनी चैक पर भी शौचालय का जीर्णोद्धार कर उसे जनता के सुपुर्द किया।

निगम अधिकारियों एवं अधिवक्ताओं की मौजूदगी में मेयर अनिता ने तहसील में तीस वर्षों के मेंटेनेंस एग्रीमेंट के साथ हाईटेक शौचालय का शिलान्यास किया। मेयर अनिता ने कहा कि विश्व प्रसिद्ध चार धाम यात्रा की मुख्य द्वार कहीं जाने वाली तीर्थ नगरी जोकि पर्यटन के लिए भी समूची दुनिया में एक विशेष पहचान रखती है, पिछले कई वर्षों से शौचालयों की कमी से जूझ रही थी। तीर्थाटन एवं पर्यटन के लिए आने वाले लोगों को इसकी वजह से भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। खास तौर पर महिलाएं इसकी वजह से परेशान रहती थी। जिसको देखते हुए नगर निगम द्वारा देवभूमि की अंतरराष्ट्रीय ख्याति के अनुरूप यहां पर हाईटेक शौचालयों का निर्माण कराए जाने का निर्णय लिया गया था जिसके तहत प्रथम चरण में ऋषिकेश निगम के सात महत्वपूर्ण स्थानों पर फाइव स्टार होटलों के शौचालयों की तर्ज पर पर सुलभ शौचालय का निर्माण कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इससे जहां शौच मुक्त भारत का सपना साकार होगा वहीं शहर की जनता के साथ यहां वर्षभर आने वाले सैलानियों को भी इसका लाभ मिलेगा।मेयर अनिता ममगाई ने कहा कि अच्छे शौचालय देने का वायदा उन्होंने चुनावी घोषणा पत्र में किया था। योजना को जमीनी धरातल पर लाने के लिए कार्य प्रारंभ हो गया है। दो माह के भीतर ही इस प्रोजेक्ट को पूर्ण करा दिया जाएगा।

मौके पर सुरभि लोक संस्था के चेयरमैन आशीष तिवारी, एसएनए ऐलम दास, विनोद लाल, सहायक अभियंता आनंद मिश्रवाण, पार्षद राकेश मियां, विजय बडोनी, अनीता रैना, कमलेश जैन, कमला गुनसोला, लक्ष्मी रावत, भगवान सिंह पंवार, देवेन्द्र प्रजापति, मनीष शर्मा, जगत सिंह नेगी, शकुंतला शर्मा, विजय लक्ष्मी शर्मा, बार एसोसिएशन अध्यक्ष सूरत सिंह रौतेला, पूर्व अध्यक्ष राजेंद्र सजवान, सचिव सुनील नवानी, सुनील उनियाल, राजपाल ठाकुर, मन्नू कोठारी, अनिकेत गुप्ता, राजेश भट्ट, नेहा नेगी, राकेश पारछा, परीक्षित मेहरा, देवेंद्र दत्त कुरियाल, सुभाष भट्ट, अतुल यादव, धीरज डोभाल आदि मौजूद रहे।

प्रशासन की अनुमति के इंतजार में रामलीला के कलाकार, मंच सजकर तैयार

कोरोनाकाल में अनलॉक-5 के तहत अब विशेष शर्तों के साथ धार्मिक आयोजनों को अनुमति मिल रही है। वहीं, देहरादून जिले के ऋषिकेश में रामलीला मंचन को लेकर उहापोह की स्थिति बनी हुई है। रामलीला के लिए कलाकारों ने तैयारी तो कर ली है, लेकिन प्रशासन की अनुमति का इंतजार हो रहा है।

अक्टूबर से दिसंबर तक रामलीला, दुर्गापूजा, नवरात्र, दशहरा, ईद, क्रिसमस आदि के आयोजनों को प्रदेश सरकार ने मंजूरी दे दी है। कोविड 19 की गाइड लाइन के अनुसार कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रमों एवं समारोहों में अधिकतम 200 लोग हिस्सा ले सकेंगे। आयोजकों को मास्क, थर्मल स्क्रीनिंग और दो गज की दूरी आदि नियमों का सख्ती से पालन करना होगा।

इस गाइडलाइन को कुछ दिन पूर्व जारी तो कर दिया गया, लेकिन हकीकत ये है कि रामलीला समितियों को अभी तक प्रशासन की ओर से अनुमति नहीं मिली है। अनुमति मिलने के बाद ही समितियां आर्थिक व्यवस्था, आयोजन के निमंत्रण, मंचन के लिए आवश्यक तैयारी आदि कर पाएंगी। ऐसे में पहले या दूसरे नवरात्र से रामलीला का मंचन करना कई रामलीला समितियों के लिए मुश्किल होगा।

ऋषिकेश में श्री रामलीला कमेटी सुभाष बनखंडी के महामंत्री हरीश तिवाडी ने बताया कि 1955 से लगातार यहां रामलीला का मंचन किया जा रहा है। रामलीला प्रांगण में हर साल नवरात्र से रामलीला का मंचन आरंभ होता था। इस वर्ष अयोध्या में श्री राम मंदिर के शिलान्यास को लेकर भी उत्साह का माहौल है। उन्होंने बताया कि इस बार भी रामलीला महोत्सव की सभी
तैयारियां पूर्ण हैं। अब प्रशासन की अनुमति पर आयोजन की स्थिति निर्भर है।

श्री रामलीला कमेटी सुभाष बनखंडी की विशिष्ट पहचान के फलस्वरूप ऋषिकेश के दूर-दूर के स्थानों से श्रद्धालुजन यहां आते रहे हैं। महामंत्री हरीश तिवाडी ने बताया कि चैपाई, रागिनी, गीत संगीत तथा मनोहारी कलात्मक दृश्यों के साथ आयोजित की जाने वाले श्री रामलीला में स्थानीय कलाकारों की ओर से मनोहारी आयोजन किया जाता रहा है। इस वर्ष श्री रामलीला की 62वी पुनरावृत्ति की जा रही है।

इस वर्ष के आयोजन की भी तैयारियां पूरी होने के साथ ही कोविद-19 महामारी के कारण जिला शासन-प्रशासन से आयोजन किये जाने की अनुमति के लिए अनुरोध किया जा चुका है। अनुमति मिलने के बाद ही श्री रामलीला महोत्सव-2020 के आयोजन की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। यदि अनुमति मिलती है तो रामलीला का मंचन सरकार की ओर से जारी गाइडलाइन के अनुसार किया जाएगा।

उत्तराखंड में दो नवंबर से खुल रहे हैं 10वीं और 12वीं कक्षा के स्कूल

उत्तराखंड में एक नवंबर को रविवार होने के कारण दो नवंबर से 10वीं और 12वीं कक्षा के लिए स्कूल खोले जा रहे है। कैबिनेट में हुए फैसले के बाद पहले चरण में अभी 10वीं और 12वीं कक्षा ही शामिल है। फैसले के बाद दो नवंबर से राज्य के सभी सरकारी, प्राइवेट स्कूलों में परम्परागत तरीके से पढ़ाई कराई जाएगी।

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में 18 प्रस्तावों पर चर्चा हुई। शासकीय प्रवक्ता मदन कौशिक ने बताया कि प्रथम चरण में दो नवंबर से सिर्फ दसवीं और बाहरवीं के छात्रों के लिए स्कूल में पढ़ाई परम्परागत माध्यम से होगी। केंद्र सरकार स्कूल खोलने के लिए पहले ही राज्य सरकार को अधिकृत कर चुकी थी, इसी क्रम में एसओपी भी जारी हो चुकी है। कक्षा संचालन के समय एसओपी का पालन किया जाएगा।

बताया कि डिग्री कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, मेडिकल कॉलेज आदि कक्षाओं के संचालन के संबंध में बाद में निर्णय लिया जाएगा। कहा कि यदि स्कूल तय एसओपी का पालन नहीं करते हैं तो ऐसी स्थिति में जरूरी कार्रवाई की जाएगी।

ऋषिकेशः सैमसंग शोरूम में हुई चोरी में अंतरराष्ट्रीय कटवा गैंग का हाथ, खुलासा

ऋषिकेश हरिद्वार मार्ग पर सैंमसंग मोबाइल शोरूम में चोरी की घटना को अंजाम देने वाले अंतरराष्ट्रीय चोर गिरोह का पुलिस ने खुलासा किया है। पकड़े गए तीन आरोपी कटवा गैंग के हैं, जबकि तीन ही पुलिस की पकड़ से अभी दूर है। मगर, पुलिस के अनुसार उन्हें भी जल्द पकड़ लिया जाएगा।

कोतवाल रितेश शाह ने बताया कि सात मार्च 2020 को मानव जौहर के सैंमसंग स्मार्ट प्लाजा में अज्ञात लोगों ने चोरी की थी। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ चोरी का मुकदमा दर्ज कर टीम गठित की थी। कोतवाल रितेश ने आरोपियों की पहचान मुख्य आरोपी निजामुद्दीन उर्फ गंगा पुत्र हलीम मियां निवासी ग्राम मवाही पोस्ट व थाना घोड़ासन पूर्वी चंपारण बिहार, मिथुन कुमार पुत्र राम आशीष महत्व निवासी नक्कड देही थाना नक्कड देही जिला पूर्वी चंपारण बिहार, मनोज कुमार पुत्र योगेंद्र प्रसाद निवासी ग्राम बिशनपुर अठ्ठमचहान थाना झरोकर जिला पूर्वी चंपारण बिहार के रूप में कराई है, जबकि फरार आरोपयिों में नईम निवासी घोड़ासन बिहार, इंके निजाम निवासी घोड़ासन बिहार, राकेश उर्फ मोटानिवासी घोड़ासन बिहार शामिल है। कोतवाल ने बताया कि कटवा गैंग खतरनाक चोर गिरोह में आता है, बिहार घोड़ासन में इनके 100 गैंग कार्यरत है। एक गैंग में करीब छह लोग होते है। यह देशभर में मोबाइल स्टोर को निशाना बनाते है।

आरोपियों से बरामद हुआ सामान
’देसी तमंचा 315 बोर’, ’दो जिंदा कारतूस’ (आरोपी निजामुद्दीन से), ’3 (तीन) मोबाइल फोन’ (घटना से संबंधित), ’लोहे का बड़ा संब्बल’, ’स्कार्पियो गाड़ी।

पुलिस ने लड़की को भगाने वाले युवक पर लगाई यौन अपराध की धारा

नेपाली फार्म खैरी खुर्द थाना थाना रायवाला निवासी एक व्यक्ति की तहरीर पर पुलिस ने उनकी बेटी की गुमसुदगी दर्ज की। थानाध्यक्ष रायवाला अमरजीत सिंह रावत ने टीम गठित कर सीसीटीवी के आधार पर विकासनगर टीम रवाना करवाई। टीम के वापस लौटने पर मुखबिर से सूचना मिली कि गुमशुदा लड़की को सागर थापा नामक युवक भगा कर ले गया है। इस समय वह पशु चिकित्सालय के पास लड़की के साथ खड़ा है। सूचना पर टीम पहुंची और लड़की सहित युवक को हिरासत में लिया।

पुलिस ने 21 वर्षीय युवक सागर थाना पुत्र लक्ष्मण सिंह थापा निवासी ग्राम साहब नगर, रायवाला पर अपहरण और पोक्सो अधिनियम का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस टीम में उप निरीक्षक विनोद कुमार, कांस्टेबल रविंद्र पाल, कांस्टेबल अनुज चैधरी, महिला कॉन्स्टेबल टीना शामिल रहे।