दूसरी बार महेंद्र भट्ट सर्व सम्मति से बने उत्तराखंड भाजपा प्रदेश अध्यक्ष

ओम के उच्चारण के साथ भाजपा प्रदेश परिषद में प्रदेशाध्यक्ष के लिए महेंद्र भट्ट भट्ट का सर्वसम्मिति से अनुमोदन किया है। वहीं राष्ट्रीय परिषद के लिए भी 8 सदस्यों के निर्वाचन की घोषणा की गई। इस मौके पर एकसुर में पंचायत के साथ 27 के विधानसभा और 29 के लोकसभा चुनाव में भी प्रचंड जीत दर्ज करने का आह्वाहन किया गया।

इस अवसर पर केंद्र से आए परिवेक्षक केंद्रीय मंत्री हर्ष मल्होत्रा ने कहा, विश्व का सबसे बड़ा राजनीतिक संगठन भारतीय जनता पार्टी यूं ही नहीं है। क्योंकि लोकतंत्र हमारे लिए सिर्फ कहने सुनने तक सीमित नहीं है, बल्कि पंडित दीन दयाल उपाध्याय के दर्शन के कारण, लोकतंत्र हमारी पार्टी के आचार, व्यवहार, संस्कार, विचार में बसता है। आज देश में कहने को तो 2.5 हजार राजनैतिक दल हैं लेकिन संगठन में आंतरिक चुनाव केवल भाजपा में होता है। यहां 17 करोड़ सदस्यों वाली पार्टी में बूथ से लेकर राष्ट्रीय अध्यक्ष तक का चुनाव शांति और अनुशासन से संपन्न हो जाते हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री धामी की तारीफ करते हुए कहा, जहां-जहां भाजपा की सरकार होती है वहां-वहां अंतोदय के सिद्धांत पर चलकर विकास नीचे तक पहुंचता है जिसका उदाहरण है उत्तराखंड की सरकार।

उन्होंने इस अवसर पर प्रदेश में संगठन पर्व के क्रम में चल रही चुनावी प्रक्रिया के समाप्त होने की घोषणा की। उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि प्रदेशाध्यक्ष के नामांकन में प्रदेश के शीर्ष नेताओं ने सर्वसम्मिति से नाम प्रस्तुत किया। पीएम नरेंद्र मोदी, राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा समेत समस्त शेष नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए उन्होंने ओम के उच्चारण के साथ पूरी प्रांतीय परिषद से प्रदेश अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय परिषद सदस्यों के चुनाव का अनुमोदन लिया। जिसमें मुख्यमंत्री पुष्कर धामी, पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमेश पोखरियाल निशंक, त्रिवेंद्र सिंह रावत, तीरथ सिंह रावत सांसद महारानी माला राज्यालक्ष्मी शाह, कल्पना सैनी, अजय भट्ट, केंद्रीय मंत्री और सांसद अजय टम्टा के नाम शामिल हैं।

वही इस मौके पर अपने उद्बोधन में प्रदेश प्रभारी एवं राष्ट्रीय महामंत्री दुष्यंत गौतम ने नए प्रदेश अध्यक्ष और राष्ट्रीय परिषद सदस्यों के चयन पर समस्त कार्यकर्ताओं को बधाई दी। उन्होंने कहा, आप सभी कार्यकर्ताओं ने अथक प्रयासों से प्रदेश में लगातार दूसरी बार भाजपा की सरकार लाकर नई परिपाटी लागू की। और अब इसी नई परिपाटी को संगठन में लागू करते हुए अपने प्रदेश अध्यक्ष पद पर महेंद्र भट्ट को दोहराया है। इसी तरह आप हम सबको मिलकर राज्य में तीसरी बार सरकार लेकर आनी है। उन्होंने भरोसा जताया कि मौसम को देखकर विपक्ष पंचायत चुनाव से भाग रही है लेकिन हमारे कार्यकर्ता जनता के सहयोग से इस आंधी तूफान में भी भारी विजय हासिल करके दिखाएंगे।

वही नव निर्वाचित प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने अपने चयन के लिए राज्य के सभी देवदुर्लभ कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा, पहले कार्यकाल में पार्टी ने लोकसभा चुनाव से लेकर हरिद्वार पंचायत चुनाव विधानसभा उपचुनाव समेत निकाय चुनाव में प्रचंड जीत हासिल की है। यह सब पीएम मोदी समेत केंद्रीय नेतृत्व के आशीर्वाद और मुख्यमंत्री धामी, कैबिनेट मंत्रियों, सांसदों,विधायक, सभी जनप्रतिनिधियों एवं लाखों कार्यकर्ताओं के दम पर संभव हुआ है। आज हम राज्य में 22 लाख से अधिक सदस्य और 15 हजार से अधिक सक्रिय सदस्य वाले दल बन गए हैं।

त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा सरकार के कामों और पार्टी की सक्रियता के चलते इनमें जीतना हमारे लिए कोई बड़ा लक्ष्य नहीं है। बल्कि हमारी कोशिश है कि कोई भी प्रधान क्षेत्र पंचायत पद पार्टी के सक्रिय कार्यकर्ताओं की चुनावी कोशिश से अछूता न रहें। क्योंकि हमारा उद्देश्य है कि हमारी डबल इंजन सरकार के विकास और कल्याणकारी कार्य गांव में भी नीचे तक पहुंचे। जिसके धरातल में उतरने में कोई भी नकारात्मक और भ्रष्ट जनप्रतिनिधि बाधा नहीं बन सके।

उन्होंने आह्वाहन किया कि हम सबको एकजुट होकर 27 में जीत की हैट्रिक लगानी है, वो भी 60 पार के लक्ष्य के साथ। जिसके लिए मुझे आप सभी लोगों से बधाई के बजाय आपकी 100 फीसदी प्रयासों के रूप में शुभकामनाएं चाहिए। यह जो लक्ष्य हम तय कर रहे हैं यह संभव नहीं है क्योंकि प्रदेश की जनता, केंद्र की मोदी और राज्य की धामी सरकार के विकास कार्यों को खुली आंखों से देख रही है। आज हमारे संगठन के कार्यकर्ताओं के सामर्थ्य और कर्मठ था का कोई सानी नहीं है उसे पर सरकार के काम सोने पर सुहागा बन गया है।

वहीं विनम्र आग्रह किया कि हम सब, अब न रुकेंगे, न थकेंगे। हम अटल जी की पंक्तियां में काल के कपाल पर भाजपा के जीत की गाथा लिखेंगे।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नवनिर्वाचित प्रदेश अध्यक्ष और राष्ट्रीय परिषद के सदस्यों को शुभकामनाएं और बधाई दी। उन्होंने कहा भाजपा में सामान्य कार्यकर्ता कहां से कहां पहुंच जाता है इसका उदाहरण मुझे और महेंद्र भट्ट को देखकर महसूस किया जा सकता है। उन्होंने महेंद्र भट्ट की प्रशंसा करते हुए कहा कि सहज सरल और मेहंदी स्वभाव के चलते हुए प्रदेश में कार्यकर्ताओं का मनोबल आसमान पर पहुंचने तक सफल हुए हैं। यही वजह है कि उनके नेतृत्व में हम एक के बाद एक लगातार सभी चुनाव में प्रचंड जीत हासिल करने में सफल हुए हैं। जीत का सिलसिला और सबके सुख-दुख का सहभागी होने की प्रवृति के चलते हासिल, कार्यकर्ता के विश्वास ने उन्हें दोबारा अपना अध्यक्ष चुना है।

उन्होंने कहा मेरा भी विश्वास है कि काम को बोलना चाहिए, कम दिखाई देगा तो जनता का विश्वास स्वयं आपको आशीर्वाद के रूप में प्राप्त हो जाएगा। वही उम्मीद जताई कि आने वाले पंचायत और विधानसभा चुनाव में केंद्र और राज्य की योजनाओं को हम प्रदेश अध्यक्ष के नेतृत्व में नीचे तक ले जाने में सफल होंगे।

उन्होंने विपक्ष पर भी निशाना साधते हुए में कहा कि जो कल आरोप लगाते थे, हार के डर से हम चुनाव नहीं कर रहे हैं, जब हमने घोषणा की तो वही कोर्ट चले गए, जब न्यायालय में मजबूत पैरवी करके पुणे चुनाव की घोषणा करवाई तो अब वहीं कांग्रेस मौसम खराब होने का हवाला देकर चुनाव से भाग रही है। दरअसल सच्चाई यह है कि कांग्रेस शुरुआत से ही पंचायत चुनाव के पक्ष में नहीं रही है वह जानती है कि निकायों और हरिद्वार पंचायत चुनाव की तरह वह इसमें भी करारी हार का मुंह देखने वाली है।

उन्होंने केंद्र की मोदी सरकार के ऐतिहासिक निर्णय का जिक्र करते हुए कहा धारा 370, श्री राम मंदिर का निर्माण, तीन तलाक की समाप्ति, वक्फ संशोधन बिल जैसे साहसिक फैसलों ने देश का माहौल बदल दिया है। 2014 से पहले देश की दब्बू और पिछले लोगों की छवि को बदलते हुए, पीएम मोदी के नेतृत्व में देश वैश्विक स्तर पर लीडर के रूप में उभर रहा है। उनकी इच्छा शक्ति और साहस का परिणाम है कि देश की बहादुर सैन आतंकवाद का मुंह तोड़ जवाब दे रही है। अब हम आतंकवादियों को उनके बिलों से ही साफ करने का काम करते हैं। ऑपरेशन सिंदूर में हमारे जांबाज जवानों ने पाकिस्तान को चार दिन में ही घुटने पर ला दिया था।
प्रदेश में भी केंद्र सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं के कारण चौमुखी विकास की गति लगातार तेज हो रही है। हम सब के प्रयासों का नतीजा है कि नीति आयोग की सतत विकास के इंडेक्स पर हम पहले स्थान पर आए, ईज ऑफ डूइंग में हमने सुधार किया, बेरोजगारी की दर में हम राष्ट्रीय औसत से आगे रहे। हमने सख्त धर्मांतरण, दंगा रोधी कानून लागू किया और लव जिहाद लैंड जिहाद और थूक जिहाद पर कठोर कार्यवाही सुनिश्चित की। प्रदेशवासियों की भावनाओं के अनुरूप हमारी सरकार सख्त भू कानून लेकर आई जिसका नतीजा है कि 65 हजार एकड़ जमीन अतिक्रमण से अब तक हम मुक्त करा चुके हैं। 27 जनवरी 2025 को समान नागरिक संहिता लागू करने वाला हम पहला राज्य बने। कठोरता नकल विरोधी कानून लेकर हम आए जिसके संरक्षण में 23 हजार युवाओं को पूर्ण पारदर्शिता और ईमानदारी प्रक्रिया से सरकारी नौकरी देने में हम सफल रहे हैं।

हमारी सरकार राज्य में भ्रष्टाचार को जड़ से मिटाने में जुटी है, जिसके क्रम में 200 से अधिक छोटे बड़े भ्रष्टाचारियों को हम सलाखों के पीछे पहुंच चुके हैं। यह आम धारणा थी कि भ्रष्टाचार निवारण कार्यवाही में छोटी मछलियां ही पकड़ी जाती है लेकिन आज हम बड़ी मछली भी पकड़ रहे हैं और मगरमच्छों को भी नहीं छोड़ रहे हैं।

उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस लाख झूठ और भ्रम फैलाएं लेकिन हम उत्तराखंड का विकास विकल्परहित संकल्प के साथ करते रहेंगे। पार्टी में भी हम इसी संकल्प पर आगे बढ़ते हुए पंचायत चुनाव के बाद 27 के विधानसभा और फिर 29 के लोकसभा चुनाव में भी प्रचंड विजय हासिल करेंगे।

प्रांतीय परिषद की बैठक में सभी पदों पर अनुमोदन के बाद प्रदेश चुनाव अधिकारी श्री खजान दास ने राज्य में संगठन पर्व के संपन्न होने की घोषणा की। प्रांत परिषद में प्रदेश चुनाव अधिकारी खजान दास के साथ सह चुनाव अधिकारी मीरा रतूड़ी, राकेश गिरी, पुष्कर काला भी मौजूद रहे।
इस अवसर पर प्रदेश सह प्रभारी रेखा वर्मा, पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमेश पोखरियाल निशंक, त्रिवेंद्र सिंह रावत, तीरथ सिंह रावत, विजय बहुगुणा, केंद्रीय मंत्री अजय टम्टा सांसद अजय भट्ट, नरेश बंसल, महारानी माला राज्यालक्ष्मी शाह, कल्पना सैनी पूर्व प्रदेश अध्यक्ष विशन सिंह चुफाल, मदन कौशिक ने भी अपने विचार रखें। वहीं बैठक में कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत, सौरभ बहुगुणा, गणेश जोशी, सतपाल महाराज, रेखा आर्य, विधायक सहदेव पुंडीर अरविंद पांडे भोपाल राम, अनिल नौटियाल बृजभूषण गैरोला, प्रदेश उपाध्यक्ष कुलदीप कुमार, मुकेश कोली, प्रदेश कार्यालय सचिव कस्तूभानंद जोशी, प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान समेत बड़ी संख्या में विधायक एवं पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।

श्रीमद्भागवत ने आंतरिक शांति, समाधान और आत्म-साक्षात्कार का मार्ग दिखायाः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास से भीमगोड़ा, हरिद्वार में जगदीश स्वरूप विद्यानन्द आश्रम ट्रस्ट द्वारा आयोजित श्रीमद् भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ-श्रीमद् भागवत कथा को वर्चुअली सम्बोधित किया।

भागवत कथा में उपस्थित परमपूज्य जगद्गुरु आचार्य गरीबदास जी महाराज, ब्रह्मसागर जी महाराज भूरी वाले, परम पूज्य स्वामी अमृतानन्द जी महाराज, युवा संत स्वामी पूज्य राम जी महाराज एवं कथा व्यास पूज्य इन्द्रेश उपाध्याय जी और सभी संतगणों, श्रद्धालुओं का स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि संतों का समागम और हरि कथा, दोनों ही दुर्लभ हैं और ये दोनों सौभाग्य से ही प्राप्त होते हैं। श्रीमद्भागवत महापुराण कोई सामान्य ग्रंथ नहीं, अपितु स्वयं श्रीकृष्ण की दिव्य वाणी का साकार रूप है। इसमें भक्ति, ज्ञान, वैराग्य और धर्म इन चारों पुरुषार्थों का उत्कृष्ट वर्णन मिलता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के दौर में जब मनुष्य भौतिकता की दौड़ में मानसिक और आत्मिक रूप से अशांत है, तो ऐसे समय में श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण हमें आंतरिक शांति, समाधान और आत्म-साक्षात्कार का मार्ग दिखाता है। आज आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में हमारी सनातन संस्कृति की पताका संपूर्ण विश्व में लहरा रही है। आज चाहे अयोध्या जी में भव्य राम मंदिर का निर्माण हो, बद्रीनाथ और केदारनाथ धामों का पुनर्निर्माण हो, बाबा विश्वनाथ के गलियारे का विस्तार हो या महाकाल लोक का निर्माण हो। हमारी धार्मिक धरोहरों को संजोया और संवारा जा रहा है वो न भूतो न भविष्यति है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में हमारी सरकार भी देवभूमि उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। हम जहां एक ओर केदारखंड और मानसखंड के मंदिर क्षेत्रों के सौंदर्यीकरण के लिए अनेकों कार्य कर रहे हैं। वहीं हरिपुर कालसी में यमुना तीर्थ स्थल के पुनरुद्धार की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं। हरिद्वार ऋषिकेश कॉरिडोर के साथ-साथ शारदा कॉरिडोर के निर्माण की दिशा में भी कार्य किया जा रहा है। हमने भारतीय संस्कृति, दर्शन और इतिहास के गहन अध्ययन के लिए दून विश्वविद्यालय में ‘सेंटर फॉर हिन्दू स्टडीज’ की स्थापना भी की है। हमारी सरकार देवभूमि उत्तराखंड के सांस्कृतिक मूल्यों और डेमोग्राफी को संरक्षित रखने के प्रति पूर्ण रूप से संकल्पबद्ध है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने प्रदेश में लैंड जिहाद, लव जिहाद और थूक जिहाद जैसी घृणित मानसिकताओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है, साथ ही, हमने प्रदेश में एक सख्त धर्मांतरण विरोधी कानून भी लागू किया है। समाज में व्याप्त असमानताओं को समाप्त करने तथा सभी के लिए समान अधिकार एवं न्याय सुनिश्चित करने के लिए आदरणीय प्रधानमंत्री के नेतृत्व में हमने देश में सबसे पहले “समान नागरिक संहिता” कानून को लागू करने साहसिक कार्य भी किया है।

हरिद्वार में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा में कथा व्यास-पूज्य इन्द्रेश जी उपाध्याय, स्वामी राम जी महाराज, स्वामी भूपेन्द्र गिरी जी महाराज, स्वामी सतदेव जी महाराज, महामण्डलेश्वर निर्मला बा जी, गुजरात, स्वामी ऋषेश्वरानन्द जी महाराज, स्वामी हीरा योगी जी महाराज, आचार्य विशोकानन्द जी महाराज जी, आचार्य रामचन्द्र दास जी महाराज, योगी आशुतोष जी महाराज, सुप्रसिद्ध गायक बी०प्राक जी मौजूद रहे।

धामी सरकार राज्य के खिलाड़ियों को देने जा रही सौगात, 23 खेल अकादमी खुलेगी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अपने कार्यकाल के पांचवें साल में खेल-खिलाड़ियों को सौगात देने जा रहे हैं। सौगात भी एक नहीं, बल्कि दो-दो। इनमें पहली सौगात हल्द्वानी में खेल विश्वविद्यालय के निर्माण से जुड़ी है, जिसके खेल दिवस पर शिलान्यास की तैयारी है। दूसरी सौगात, प्रदेश के 23 खेल अकादमी खोलने से जुड़ी हैं। राष्ट्रीय खेलों के दौरान देहरादून, हरिद्वार, हल्द्वानी समेत जिन आठ शहरों में खेल गतिविधियां संचालित हुईं और आधारभूत ढांचा तैयार हुआ, वहीं पर ये अकादमी खोली जाएंगी। इसके दो फायदे होंगे। एक, खेल के लिए तैयार बुनियादी ढांचे का बेहतर रख-रखाव हो सकेगा। दो, खिलाड़ियों के प्रशिक्षण के लिए ठोस प्लेटफार्म तैयार हो सकेंगे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कार्यकाल के चौथे साल में उत्तराखंड ने खेल की दुनिया में ऊंची छलांग लगाई है। राष्ट्रीय खेलों का भव्य आयोजन से उत्तराखंड की खेलां की दुनिया में हैसियत बढ़ गई है। खेल के शानदार माहौल को अपने कार्यकाल के पांचवें साल में भी बनाए रखने के प्रति मुख्यमंत्री गंभीर है। इसी लिए चाहे हल्द्वानी में खेल विश्वविद्यालय का निर्माण हो या फिर आठ शहरों में 23 खेल अकादमी खोलने की बात, दोनों विषयों पर पर्याप्त तेजी दिखाई दे रही है। खेल विश्वविद्यालय की तो बकायदा अधिसूचना जारी हो चुकी है। इसी तरह, 23 अकादमी भी सरकार खोलने जा रही हैं। इन दोनों महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट को अमली जामा पहनाने के लिए तेजी से काम चल रहा है।

दो कदम, जिनसे गूंजा यश गान

01- 38 वें राष्ट्रीय खेल

उत्तराखंड के रजत जयंती वर्ष में उत्तराखंड की धरती पर 38 वें राष्ट्रीय खेलों का सफल आयोजन धामी सरकार की सबसे बड़ी खेल उपलब्धि रही। भव्य आयोजन हुआ और हमारे खिलाड़ियों ने भी श्रेष्ठ प्रदर्शन किया। गोवा में पिछले राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड ने सिर्फ 24 पदक जीते थे, लेकिन इस बार उसने पदकों का शतक लगाकर तालिका में सातवां स्थान प्राप्त किया। इस आयोजन से खेल सुविधाओं का विस्तार हुआ और ऐसा आधारभूत ढांचा उपलब्ध हो गया, जो कि खेल के क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगा।

02- नई खेल नीति

वर्ष 2021 में घोषित नई खेल नीति में खिलाड़ियों के प्रोत्साहन पर खास फोकस किया गया। ओलंपिक के पदक विजेताओं के लिए एक से लेकर दो करोड़ तक की प्रोत्साहन राशि की व्यवस्था की गई है। अंतरराष्ट्रीय व राष्ट्रीय स्पर्धाओं में पदक लाने वाले खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी दी जा रही है। खिलाड़ियों की प्रोत्साहन राशि दुगना हुई है और छात्रवृत्ति भी दी जा रही है। इस नीति की यह भी आकर्षक बात है कि बड़ी स्पर्धाओं में भाग लेने मात्र से खिलाड़ी प्रोत्साहन राशि का हकदार हो जा रहा है। फिर चाहे उसे पदक मिले या ना मिले।

उत्तराखंड को खेल भूमि के रूप में भी जाना जा रहा है, यह हमारे लिए सुखद अहसास है। राष्ट्रीय खेलों के भव्य आयोजन के बाद प्रदेश में खेल का बेहतर माहौल है। खिलाड़ियों का मनोबल ऊंचा है और वे बढ़िया प्रदर्शन कर रहे हैं। खेल-खिलाड़ियों के विकास के लिए बडे़ निर्णय लेने और उन्हें अमली जामा पहनाने का क्रम जारी रहेगा।
पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री

धामी सरकार की नव पहलः जलसखी के जरिए महिलाओं को सशक्त करने की एक ओर योजना

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पहल पर 2022 में शुरु लखपति दीदी योजना के तहत अब तक, उत्तराखंड में 1.63 लाख महिलाओं की सालाना आय एक लाख के पार पहुंचाई जा चुकी है। अपने पांचवें वर्ष में सरकार अब ग्रामीण महिलाओं की आजीविका में वृद्धि के लिए एक और गेमचेंजर योजना, जलसखी लेकर आ रही है। जिसके तहत ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति के साथ ही बिलिंग का काम महिला स्वयं सहायता समूहों को सौंपने की तैयारी है।
उत्तराखंड में हर घर नल योजना अब अपने लक्ष्य के करीब पहुंच गई है। इसी के साथ पेयजल विभाग अब योजना के तहत जलापूर्ति की व्यवस्था बनाने जा रहा है। इसके लिए ग्रामीण क्षेत्रों में नए कनेक्शन देने, बिल वितरण- सुधार, बिल वसूली और योजनाओं के रख रखाव का काम आउटसोर्स के आधार पर महिला स्वयं सहायता समूहों को दिए जाने की तैयारी है। साथ ही विभाग महिला समूहों को पेयजल गुणवत्ता जांचने के लिए किट्स भी उपलब्ध कराएगा। महिला स्वयं सहायता समूह पेयजल योजना में आने वाली खराबी की रिपोर्ट भी विभाग को देंगी। इसके लिए चयनित समूहों को नल जल मित्र के तौर पर प्रशिक्षित किया जाएगा। पायलट प्रोजेक्ट के तहत शुरु की जा रही इस योजना में महिला स्वयं सहायता समूहों को प्रति बिल 10 रुपए का प्रोत्साहन दिए जाने के साथ ही, उन्हें राजस्व में भी निश्चित अंश मिलेगा। इस तरह ग्रामीण महिलाओं को अपने घर में ही अतिरिक्त रोजगार मिल सकेगा।

’लखपति दीदी योजना’
लखपति दीदी योजना की शुरुआत 2022 में की गई। योजना के तहत स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी 5 लाख 7 हजार महिला की सालाना आय एक लाख के पार पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए इन महिलाओं को कृषि- उद्यान, दुग्ध उत्पादन, सिलाई कढ़ाई के साथ ही रसोई गैस वितरण, प्रारंभिक पशु चिकित्सा सेवा, बीमा योजना, डिजिटल लेनदेन का प्रशिक्षण देकर आजीविका से जोड़ा जा रहा है। योजना के तीन वर्ष के भीतर ही 1.63 लाख महिलाएं लखपति बन चुकी हैं। योजना के सकारात्मक परिणाम को देखते हुए, सरकार अब मौजूदा वित्तीय वर्ष की समाप्ति तक कुल तीन लाख महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य लेकर काम कर रही है।

’मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना’
धामी सरकार ने महिला समूहों की आजीविका को बढ़ावा देने के लिए, साल अगस्त 2023 से मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना भी लागू की है। वर्तमान में प्रदेश की करीब 30 हजार से अधिक महिलाएं इस योजना का लाभ उठा रही हैं। योजना के तहत अब तक महिला समूह कुल 4 करोड़ 93 लाख 36 हजार रुपए का कारोबार कर चुके हैं। योजना का लक्ष्य महिला समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराना है।

’हाउस ऑफ हिमालयाज’
उत्तराखंड के पारंपरिक हस्तशिल्प, बुनकर उत्पाद, जैविक कृषि सामग्री और जड़ी-बूटियों को बाज़ार उपलब्ध कराने के लिए मौजूदा सरकार ने दिसंबर 2023 में हाउस ऑफ हिमालयाज” नाम से एकीकृत ब्रांड लांच किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों इस ब्रांड की लॉन्चिंग के बाद से देश-विदेश तक इस ब्रांड की पहुंच संभव हुई है। इसमें कुल 36 उत्पाद शामिल हैं, जिसमें से 12 अब तक जी आई टैग (ज्योग्राफिकल इंडिकेशन टैग) में शामिल हो चुके है। इससे न केवल उनकी प्रामाणिकता और गुणवत्ता सुनिश्चित होती है, बल्कि उपभोक्ताओं को यह जानकारी भी मिलती है कि यह उत्पाद उत्तराखंड के किस जिले से संबंधित है। वर्तमान में राज्य के एयरपोर्ट, हैलीपैड, प्रमुख होटलों में हाउस ऑफ हिमायलाज के 11 स्टॉल स्थापित किए जा चुके हैं। साथ ही विभिन्न ई कॉमर्स साइट से भी इन उत्पादों की बिक्री हो रही है।

’सरकार महिलाओं को हर तरह से सशक्त बनाने का प्रयास कर रही है। इसके लिए महिला स्वयं सहायता समूहों को कई तरह की आर्थिक गतिविधियों से जोड़ा जा रहा है। इसी क्रम में पेयजल आपूर्ति में भी महिला समूहों की भागीदारी बढाने का प्रयास किया जा रहा है। यह योजना महिलाओं की आर्थिकी सुधारने के लिए गेम चेंजर साबित हो सकती है।’
– पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री उत्तराखंड

सीएम ने सुनी पीएम के मन की बात, बोले एक भारत श्रेष्ठ भारत के आदर्श को किया साकार

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ’मन की बात’ कार्यक्रम का 123वीं संस्करण सुना। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ने देशवासियों को योग, सामाजिक एकता, सेवा भाव और महिला सशक्तिकरण जैसे महत्वपूर्ण विषयों से प्रेरित किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत को वैश्विक स्तर पर एक अलग पहचान मिली है। 21 जून को आयोजित अंतरराष्ट्रीय योग दिवस ने एक बार फिर यह प्रदर्शित कर दिया कि योग ने न केवल भारत में, बल्कि पूरी दुनिया में अपनी विशेष पहचान बनाई है। उन्होंने देश को विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा ट्रैकोमा मुक्त घोषित किए जाने और अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन की रिपोर्ट में 64 प्रतिशत आबादी को सोशल सुरक्षा के अंतर्गत लाए जाने की उपलब्धियों पर गर्व व्यक्त किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के कुशल नेतृत्व में स्वास्थ्य एवं सामाजिक सुरक्षा की दिशा में देश ने महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं।

मुख्यमंत्री ने “मन की बात“ में उजागर की गई सामूहिक सेवा, धार्मिक यात्राओं के दौरान मिलन की भावना और स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहित करने की पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ के आदर्श को साकार करता है। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि वे इन संदेशों को अपनी दिनचर्या में अपनाएं और उत्तराखंड को भी आत्मनिर्भर व समृद्ध भारत का एक गौरवशाली हिस्सा बनाएं।

इस अवसर पर विधायक राजकुमार पोरी, अध्यक्ष उत्तराखण्ड राज्य सलाहकार श्रम संविदा बोर्ड कैलाश पंत और मुख्यमंत्री कार्यालय के अधिकारी, कर्मचारी मौजूद थे।

सीएम ने मानसून के दौरान दो माह तक 24 घण्टे अलर्ट मोड पर रहने के अधिकारियों को दिये निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आईटी पार्क, स्थित उत्तराखण्ड राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र पहुंचकर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में हो रही वर्षा की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने मानसून के दृष्टिगत आगामी दो माह तक शासन और प्रशासन के अधिकारियों को 24 घण्टे अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिये हैं। मानसून अवधि के दौरान अधिकारियों को नियमित रूप से ग्राउंड पर रहकर सभी व्यवस्थाएं करने के निर्देश भी मुख्यमंत्री ने दिये हैं।

मुख्यमंत्री ने चारधाम यात्रा पर आये सभी श्रद्धालुओं की सुरक्षा की दृष्टि संबंधित जिलाधिकारियों को आवश्यक प्रबंध करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं के लिए भोजन, दवाइयों और बच्चों के लिए दूध और अन्य मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ण व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि अत्यधिक बारिश की सम्भावनाओं के दृष्टिगत और श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए अगले 24 घंटे के लिए चारधाम यात्रा को रोका गया है।

मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि नदियों और गदेरे के आस-पास रह रहे और आपदा की दृष्टि से संवेदनशील स्थलों पर रह रहे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा जाए। उन्होंने कहा कि यह भी सुनिश्चित किया जाए कि जिन क्षेत्रों में निर्माण कार्य चल रहे हैं, वहां पर लोग सुरक्षित स्थानों पर हों। मुख्यमंत्री ने उत्तरकाशी के तहसील बड़कोट क्षेत्र में बादल फटने की वजह से मिसिंग मजदूरों के सर्च और रेस्क्यू अभियान में और तेजी लाने के निर्देश अधिकारियों को दिये हैं। 29 मजदूरों में से 20 को सुरक्षित निकाल लिया गया है। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और जिला प्रशासन का सर्च अभियान जारी है, दो शवों को निकाल लिया गया है। उन्होंने कहा कि रूद्रप्रयाग में हुए वाहन दुर्घटना में जो लोग अभी लापता हैं, उनकी खोजबीन कार्यों में और तेजी लाई जाए।

मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिये कि सभी जनपदों में गर्भवती महिलाओं की डाटा बेस बनाया जाए। सितम्बर माह तक जिन महिलाओं का डिलीवरी होनी है, उनका नियमित अपडेट रखा जाए। प्रसव पूर्व उन्हें अस्पतालों तक पहुंचाने की समुचित व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाए। जच्चा और बच्चा की सुरक्षा की दृष्टि से सभी प्रभावी कदम उठाये जाए।

मुख्यमंत्री ने इस दौरान जिलाधिकारियों से विभिन्न जनपदों में हो रही बारिश, सड़कों की स्थिति एवं अन्य मूलभत सुविधाओं की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने कहा कि बारिश के कारण जो सड़के क्षतिग्रस्त हो रही हैं, उनको जल्द खुलवाने की व्यवस्था की जाए। संवेदनशील स्थानों पर जेसीबी और अन्य आवश्यक उपकरणों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। जिन क्षेत्रों में नदी, नाले, गदेरे रास्ते बदल सकते हैं, ऐसे क्षेत्रों में आश्यकता पड़ने पर चौनलाइजेशन और अन्य प्रबंधन जो सुरक्षात्मक दृष्टि से हो सकते हैं, किये जाएं।

इस अवसर पर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, प्रमुख सचिव आर.के सुधांशु, सचिव शैलेश बगोली, विनोद कुमार सुमन, गढ़वाल कमिश्नर विनय शंकर पाण्डेय, आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप, अपर सचिव बंशीधर तिवारी, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी आनंद स्वरूप, राजकुमार नेगी एवं वर्चुअल माध्यम से सभी जिलाधिकारी जुड़े थे।

सीएम धामी अपने कार्यकाल के पांचवें वर्ष महिलाओं को देने जा रहे ठोस उपहार

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, अपने कार्यकाल के पांचवें साल में उत्तराखंड की महिलाओं को महिला नीति का ठोस उपहार देने जा रहे हैं। उत्तराखंड की पहली महिला नीति जल्द कैबिनेट में आ सकती है। इसके जरिए सरकार महिलाओं के आर्थिक, सामाजिक सशक्तिकरण के लिए नीतिगत रोडमैप तैयार करेगी। इससे पहले बीते चार साल के दौरान भी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जहां एक तरफ महिलाओं को सरकारी नौकरी में 30 प्रतिशत आरक्षण प्रदान किया, वहीं पहली बार सहकारी समितियों में भी महिला आरक्षण लागू कर, हर स्तर पर महिला नेतृत्व उभारने का प्रयास किया। इसी तरह महिलाओं की आर्थिकी मजबूत करने के लिए महिला सारथी योजना, एकल महिला स्वरोजगार योजना, लखपति दीदी जैसी कल्पनाशील योजनाएं धरातल पर उतरीं।

01 – सरकारी नौकरी में आरक्षण
पुष्कर सिंह धामी सरकार ने उत्तराखंड की महिलाओं को सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण फिर लागू कर दिया है। इस आरक्षण का लाभ उन सभी महिलाओं को मिल रहा है, जिनका उत्तराखंड राज्य का अधिवास (डोमिसाइल) है। राज्य सरकार के इस कदम के बाद सरकारी कार्यालयों में महिला कार्मिकों की संख्या में सुधार हो रहा है। राज्यपाल की मंजूरी के बाद 10 जनवरी 2023 से महिला आरक्षण विधिवत लागू कर दिया गया है।

02 – सहकारी समितियों में आरक्षण
पुष्कर सिंह धामी सरकार ने सहकारी समितियों में भी 33 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू कर दिया है। उत्तराखंड में निकाय और पंचायतों में पहले से ही महिला आरक्षण दिया जा रहा है, अब सहकारी समितियों में महिला आरक्षण लागू होने से सभी स्तर पर महिला नेतृत्व उभरने का रास्ता साफ हो गया है। ग्रामीण स्तर पर सक्रिय सहकारी संस्थाओं में महिला आरक्षण लागू किए जाने को गेम चेंजर माना जा रहा है।

03 – स्वरोजगार के लिए मौके
धामी सरकार ने इसी महिला दिवस 08 मार्च, 2025 से देहरादून जिले में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर महिला सारथी योजना भी लागू की है, इसके तहत राज्य की महिलाएं ऑटो रिक्शा और टू-व्हीलर चलाकर यात्रियों को उनके मंजिल तक पहुंचाने का काम कर रही हैं। इसके साथ ही सरकार लखपति दीदी योजना, मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना, एकल महिला स्वरोजगार योजना, ड्रोन दीदी योजना के जरिए भी महिलाओं के लिए स्वरोजगार के अवसर पैदा कर रही है।

’मातृशक्ति उत्तराखंड के समाज की रीढ़ की हड़्डी हैं। हमारी सरकार का मानना है कि बिना महिलाओं को सशक्त किए, समाज का आगे बढ़ना मुश्किल है, इसलिए महिलाओं को समर्पित कई योजनाएं संचालित हो रही हैं, जो आगे चलकर गेम चेंजर साबित होंगी। इसी क्रम में अब हम जल्द महिला नीति भी लेकर आ रहे हैं।’
पुष्कर सिंह धामी,
मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार।

रविवार को होने जा रही पीसीएस परीक्षा, परीक्षार्थियों से समय पर पहुंचने की अपील

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य के पहाड़ी और कुछ मैदानी क्षेत्रों में अगले 24 घंटे में अत्यधिक वर्षा की संभावना को देखते हुए, आम जनमानस से सतर्क रहने की अपील की है। मुख्यमंत्री ने मौसम विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान के आधार पर लोगों से अनुरोध करते हुए कहा है कि सभी लोग सतर्क रहें, अनावश्यक यात्रा से बचें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा निर्देशों का पालन करें।

मुख्यमंत्री धामी ने रविवार 29 जून को उत्तराखंड लोक सेवा आयोग द्यारा आयोजित की जा रही उत्तराखंड सम्मिलित राज्य सिविल/प्रवर अधीनस्थ सेवा (प्रारंभिक) परीक्षा (वस्तुनिष्ठ प्रकार) – 2025 में शामिल होने जा रहे परीक्षार्थियों से भी मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए समय से पहले अपने परीक्षा केंद्र के लिए प्रस्थान करने की अपील की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि परीक्षार्थियों की सुरक्षा और परीक्षा दोनों ही सरकार के लिए महत्वपूर्ण हैं। राज्य सरकार स्थिति पर नज़र बनाए हुए है और स्थानीय प्रशासन को हर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों को भी बारिश और अतिवृष्टि की संभावना को देखते हुए, स्थानीय प्रशासन को अलर्ट मोड पर रखने को कहा है।

गंगा सहित अन्य नदियों किनारे अतिक्रमण को प्राथमिकता से हटाएंः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह ने कहा कि सरकारी भूमि में अतिक्रमण न हो इसके लिए मजबूत मैकेनिज्म बनाया जाय। सरकारी जमीनों पर अतिक्रमण रोकने और अवैध बिक्री को रोकने के लिए प्रभावी कार्ययोजना बनाई जाए।

मुख्यमंत्री आवास में उच्च स्तरीय बैठक में मुख्यमंत्री ने सरकारी भूमि से अवैध अतिक्रमण को हटाने की समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे हटाए जाने की कार्ययोजना बनाए जाने के लिए निर्देश जारी किए जा चुके हैं। इसके अनुपालन के लिए जनपद स्तर पर प्रभावी कार्रवाई अमल में लाई जाय। उन्होंने कहा कि जिला स्तर पर सिंचाई, लोक निर्माण, वन विभाग, राजस्व विभाग की टीम बनाकर अतिक्रमण हटाने के लिए अभियान चलाए जाय। उन्होंने राज्य के मैदानी क्षेत्रों में अतिक्रमण के मामलों को देखने के लिए शासन स्तर पर एक नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाने के निर्देश प्रमुख सचिव को दिए। उन्होंने हरिद्वार में गंगा किनारे, रुद्रपुर में कल्याणी नदी किनारे और नैनीताल जिले में कोसी आदि नदियों के किनारों पर भी अवैध अतिक्रमण को रोकने के लिए सख्ती से कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने सरकारी भूमि को कब्जाने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई किए जाने और कूट रचना कर जमीनों के फर्जी दस्तावेज बनाए जाने के मामलों पर भी प्रभावी रोक लगाने के उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री धामी ने एडीजी ए.पी.अंशुमान को बाहरी लोगों के सत्यापन के लिए नियम और कड़े किए जाने की अपेक्षा जताई। एडीजी ने उन्हें अवगत कराया कि सत्यापन के लिए 18 बिंदुओं पर आख्या मांगी जा रही है,जिसका डेटा राज्य स्तर पर भी संकलित किया जा रहा है।

बैठक में प्रमुख सचिव आर के सुधांशु, सचिव एस एन पांडेय, एडीजी ए.पी.अंशुमान, विशेष सचिव डा. पराग मधुकर धकाते, अपर सचिव बंशीधर तिवारी मौजूद रहे।

सीएम ने दो लोकतंत्र सेनानियों को पेंशन देने का अनुमोदन किया

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद पौड़ी गढ़वाल के वि०ख० यमकेश्वर के अन्तर्गत ग्राम मौन, नीलकण्ठ में प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र टाईप ए की स्थापना हेतु मानकों में शिथिलीकरण किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

मुख्यमंत्री ने राज्य अतिथि गृह ऑफिसर्स ट्रांजिट हास्टल, रेसकोर्स में पूर्व में स्वीकृत कार्यों के अतिरिक्त अन्य कार्य रिनोवेशन/स्ट्रैन्थनिंग के कार्य हेतु 295.12 लाख की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

मुख्यमंत्री ने जनपद रुद्रप्रयाग की रुद्रप्रयाग शाखा के अन्तर्गत बनियारी जवाहर नगर पेयजल योजना हेतु नलकूप निर्माण एवं तत्संबंधी कार्यों हेतु 308.12 लाख की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

मुख्यमंत्री ने किया लोकतंत्र सेनानी पेंशन अनुमन्य किये जाने का अनुमोदन

मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी उधमसिंह नगर की संस्तुति के क्रम में सावित्री कुशवाहा पत्नी स्वर्गीय लक्ष्मी नारायण तथा जिलाधिकारी नैनीताल की संस्तुति के क्रम में हरीश कुमार अगरवाल को रु० 20,000/- प्रतिमाह लोकतंत्र सेनानी पेंशन अनुमन्य किये जाने हेतु अनुमोदन प्रदान किया है।