गंगा में स्नान के लिए पहुंचे तीन युवक तेज धारा में बहे

देहरादून डीआईटी में पढ़ने वाले दो बीटेक के छात्र आदित्य राज 22 कोलकाता, उत्कर्ष 22 आगरा होली खेलने आए शिवपुरी के नमामि गंगे घाट पर डूब गए वही लक्ष्मण झूला क्षेत्र के पटना वाटर फॉल के पास गंगा नदी में पैर फिसलने से शोभित यादव 30 निवासी मुरादाबाद भी गंगा में डूब गए, वही डूबे हुए व्यक्तियों की तलाश में एसडीआरएफ की टीम ने सर्चिंग अभियान शुरू कर दिया है ।

आज होली के मौके पर देहरादून डीआईटी में पढ़ने वाले 2 छात्र ऋषिकेश होली मनाने के उद्देश्य पहुंचे थे जो शिवपुरी के नमामि गंगे घाट पर नहाते हुए डूब गए हैं वही लक्ष्मण झूला क्षेत्र के पटना वाटर फाल के पास नहाते हुए मुरादाबाद से आए सुमित यादव का पैर फिसलने से गंगा में डूबने की सूचना एसडीआरएफ दल को प्राप्त हुई सूचना पर तुरंत एसडीआरएफ की टीम में मौके पर जाकर सर्च ऑपरेशन चलाया परंतु अभी तक किसी का पता नहीं चला। एसडीआरएफ के प्रभारी कविंद्र सजवान ने बताया कि डूबे हुए व्यक्तियों के परिजनों को सूचना दे दिया गया बताया कि आज देर शाम होने के कारण सर्चिंग अभियान रोक दिया गया है कल सुबह फिर से सर्चिंग अभियान शुरू कर डूबे हुए व्यक्तियों की तालाश की जाएगी।

योग साधकों ने लठमार और अवधि शैली की मनाई होली

ऋषिकेश में स्थित मुनि की रेती में पर्यटन विभाग द्वारा आयोजित ‘अंतर्राष्ट्रीय योग महोत्सव’ का मंगलवार को समापन हो गया है। सात दिवसीय योग महोत्सव के आख़िरी दिन फूलों की होली के साथ विदेशी पर्यटक खूब झूमें। इस योग महोत्सव में 1600 से अधिक लोगों ने प्रतिभाग किया।
योग महोत्सव के अंतिम दिन के कार्यक्रमों में पर्यटन विभाग के सहयोग से योग स्कूलों में से एक हार्टफुलनेस संस्थान की छवि सिसोदिया ने रक्तचाप उपचार के लिए एक योग सत्र का आयोजन किया, जिसमें उन्होंने योग साधकों को बल्ड प्रेशर नियंत्रण के लिए अनेक योग प्रणायामों के बारे में बताया व इनके करने की विधि समझाई। इस दौरान उन्होंने बताया कि बल्ड प्रेशर अनेक रोगों का कारक है। आज रोजमर्रा के जीवन में लोगों की सबसे बड़ी स्वास्थ्य समस्या हाई बल्ड प्रेशर है, जो अनेक रोगों का जनक है, जिनमें हृदय, किडनी एवं आँख संबंधी रोगों के साथ मेटाबॉलिक सिन्ड्रोम, सांस लेने में कठिनाई, नींद की समस्या, थायरॉइड समस्या आदि प्रमुख हैं। इसके अलावा अन्य दूसरे सत्र में छवि सिसोदिया के मार्गदर्शन में साधकों ने ध्यान योग किया। अन्य सहयोगी योग संस्थान में चेन्नई स्थित कृष्णामचार्य योग मंदिरम के योगाचार्य एस श्रीधरण ने भक्ति सत्र का आयोजन किया।
योग महोत्सव के समापन कार्यक्रम पर उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद निदेशक विपणन व प्रचार सुमित पंत ने योग महोत्सव में आये सभी योग विद्यालयों के गुरूओं को प्रमाण पत्र व स्मृति चिन्ह भेंट किए। योग महोत्सव के समापन कार्यक्रम का संचालन पर्यटन विभाग के जनसंपर्क अधिकारी कमल किशोर जोशी ने किया।
समापन कार्यक्रम में डॉ. सुनील जोशी उप कुलपति आयुर्वेद विश्वविद्यालय, डॉ. छवि सिसौदिया हार्टफुलनेस संस्थान, राजीव कालरा ईशा फाउंडेशन, वीपी सिंह कैवल्यधाम, अरूण पेरूमल कृष्णामचार्य योग मंदिरम, सुश्री एकता राममणि स्मृति योग संस्थान, नंदलला शिवानंद आश्रम, कुमार नारायण आर्ट ऑफ लिविंग, सुनील भगत नारायण स्वामी सहित देश-विदेश के पर्यटक मौजूद रहे।
अंतिम दिन के कार्यक्रमों में दैनिक आधार पर चल रहे सहयोगी योग संस्थानों द्वारा 2 घंटे का योग, हास्य योग विशेषज्ञ मनोज रंगढ़ द्वारा हास्य योग सत्र, आयुर्वेद विश्वविद्यालय द्वारा नाड़ी परीक्षण का आयोजन किया गया। इसके अतिरिक्त होली के उपलक्ष्य में शाम को इस्कॉन द्वारा राधा कृष्ण की मूर्ति का पुष्पाभिषेक किया गया, जिसके बाद फूलों की होली खेली गई।
गौरतलब है कि पर्यटन विभाग द्वारा आयोजित अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव का शुभारंभ एक मार्च को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज द्वारा किया गया। सात दिनों के इस महोत्सव में योगाभ्यास, भक्ति के अलावा विभिन्न प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजन किए गये।
महोत्सव में आए पर्यटकों ने ईशा फाउंडेशन, शिवानंद आश्रम, आर्ट ऑफ लिविंग, कृष्णामचार्य योग मंदिरम, कैवल्यधाम, राममणि स्मृति योग संस्थान, हार्टफुलनेस संस्थान के योगाचार्यों व प्रशिक्षकों के सान्निध्य में विभिन्न प्रकार के योगाभ्यास व योगकलाएं सीखी। साथ नाड़ी परीक्षण, ध्यान योग एवं भक्ति सत्रों से आरोग्य एवं भक्ति का लाभ कमाया। विदेशी योग साधकों में राज्य के परिधानों व स्वादिष्ट व्यंजनों एवं लोक कलाओं को लेकर खासी दिलचस्पी देखी गई। इसके अलावा विभिन्न विषयों पर पैनल परिचर्चाओं एवं रात्रि के सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने आगंतुकों को ज्ञान अर्जन के साथ मनोरंजन का भी सुख प्रदान किया।
योग महोत्सव के दौरान उत्तराखण्ड आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय द्वारा मर्म चिकित्सा, नाड़ी परीक्षण, चिकित्सीय परामर्श एवं निःशुल्क औषधि वितरण किया गया। विश्वविद्यालय के चिकित्सक डॉ. विपिन चंद्र ने बताया कि 1 मार्च से 7 मार्च तक ओपीडी में 500 से अधिक लोगों ने अपना परीक्षण करवाया एवं चिकित्सीय परामर्श प्राप्त किया।

होली मिलन समारोह में होल्यारों ने खेली होली

श्यामपुर स्थित होटल नंदा में कुमाऊंनी सभा द्वारा होली मिलन कार्यक्रम आयोजन किया गया। इसमें होली कार्यक्रम में बैठकी और खड़ी होली का आयोजन किया गया है।

इस दौरान होल्यार होली के गीतों और गुलाल में झूमते नजर आए। कुमाऊं में शास्त्रीय रागों पर आधारित बैठकी और कदमताल के साथ खड़ी होली में समूहबद्ध होकर होली गायन हुआ। शास्त्रीय रागों में काफी, जंगला काफी, विहाग, देश, जैजैवंती, परन, बागेश्वरी, श्याम कल्याण, परज, झिंझोटी, जोगिया, भैरवी, खम्माज, पीलू, बहार आदि रागों में होली गायन होता है। खड़ी होली में समूहबद्ध होकर गायन किया गया इसमें दो पक्ष बनाए गये एक पक्ष होली गायन शुरू करता है तो दूसरा पक्ष उन स्वरों को दोहराता है। होली गायन में हारमोनियम, तबला, ढोलक, ढोल, दमाऊं, मजीरा, हुड़का समेत तमाम स्थानीय वाद्य यंत्रों का प्रयोग किया गया।

इस मौके पर नंदन जोशी. गिरीश चंद्र सोठा, चंद्र शेखर पांडे, जगदीश पांडे, महेश पाठक, संजय बोरा, मुकुल दुर्गापाल, तारादत्त चंदोला, बाला दत्त पांडे, भुवन चंद्र फुलारा, भावेश जोशी, ललित चंदोला, कृष्णा तिवारी, इंदु जोशी, बसंती सोता, शोभा उप्रेती, प्रेम सिंह रागी, प्रभा जोशी, गीता रावत, विमला बोरा, हरीश उप्रेती, दिनेश भट्ट, चंद्र बल्लभ कर्नाटक, विजय कर्नाटक, पुष्पा पांडे, बसंती चंदोला, मनोहर पांडे, मारकंडे आदि उपस्थित रहे।

इंडियन डेंटल एसोसिएशन के पदाधिकारियों का हुआ सम्मान

अंतरराष्ट्रीय गढ़वाल महासभा ने आईडीए की ऋषिकेश शाखा के नवनियुक्त अध्यक्ष डॉ मनोज कांडपाल व उनकी टीम के पद्दाधिकारियों को सम्मानित किया। इस मौके पर इंडियन डेंटल ऐसोसिएशन ने जनसरोकार से जुड़े कार्यक्रमों में अपनी भागेदारी सुनिश्चित करने के साथ चरणबद्ध श्रंखला में निर्धन रोगियों के लिए निःशुल्क डेंटल कैंप आयोजित करने का संकल्प लिया।

गढ़वाल महासभा के देहरादून रोड़ स्थित कार्यालय में आयोजित अभिनंदन कार्यक्रम में महासभा के अध्यक्ष डॉ राजे नेगी ने ऋषिकेश डेंटल एसोसिएशन के नवनियुक्त अध्यक्ष डॉ मनोज कांडपाल, उपाध्यक्ष डॉ मनीष भट्ट,सचिव डॉ नवीन शुक्ला एवं कोषाध्यक्ष डॉ लवित चन्डोक को शॉल ओढ़ाकर स्वागत एवं अभिनंदन किया।

इस मौके पर आरडीए के नवनियुक्त अध्यक्ष डॉ मनोज कांडपाल ने कहा कि एसोसिएशन का उद्देश्य रहा है कि हर जरूरतमंद तक बेहतर एवं लाभकारी दंत चिकित्सा उपलब्ध कराई जा सकें। इसके लिए एसोसिएशन द्वारा नगर एवं ग्रामीण क्षेत्र की मलिन बस्तियों में हर माह निःशुल्क दंत चिकित्सा शिविरों का आयोजन किया जाएगा। इस मौके पर महासभा के तमाम सदस्यों सहित मनोज नेगी,डॉ मयंक भट्ट,अंजली वर्मा आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

पौड़ी में कनेक्टिविटी बढ़ाकर पलायन रोका जा सकता हैः मुख्य सचिव

मुख्य सचिव डॉ. एसएस संधु ने सचिवालय में देवप्रयाग और ऋषिकेश के मध्य पौड़ी क्षेत्र से कनेक्टिविटी बढ़ाए जाने के सम्बन्ध में लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों और जिलाधिकारी पौड़ी के साथ बैठक आयोजित की।

मुख्य सचिव ने कहा कि कनेक्टिविटी को बढ़ाकर इस क्षेत्र में पलायन को रोका जा सकता है, साथ ही, कनेक्टिविटी बढ़ने से इन क्षेत्रों का विकास हो सकेगा और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। उन्होंने जिलाधिकारी पौड़ी से देवप्रयाग से ऋषिकेश के मध्य ऐसे क्षेत्रों को चिन्हित करने के निर्देश दिए जहां मोटर पुल बनाकर अधिक से अधिक जनसंख्या को लाभान्वित किया जा सकता है या ऋषिकेश – देहरादून से कनेक्टिविटी बढ़ाई जा सकती है।
मुख्य सचिव ने लोक निर्माण विभाग को भी निर्देश दिए कि इस सम्बन्ध में अपने स्तर पर भी प्रस्ताव तैयार किए जाएं। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में पहले से झूला पुल हैं इन्हें विकसित कर मोटर पुल बनाकर अपग्रेड भी किया जा सकता है। इसके लिए संभावनाएं तलाशी जाएं।

इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर. के. सुधांशु एवं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिलाधिकारी पौड़ी आशीष चौहान उपस्थित थे।

अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव का सीएम ने किया उद्धाटन, यह मंत्री भी रहे मौजूद

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऋषिकेश स्थित योग भरत घाट में आयोजित अन्तर्राष्ट्रीय योग महोत्सव में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड देश की सांस्कृतिक राजधानी ही नहीं अपितु योग और वेलनेस का उत्कृष्ट केंद्र भी है। इसलिए राज्य सरकार प्रदेश में योग व वेलनेस केंद्रों का विकास करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। योग हमारे प्रदेश की प्राचीनतम परंपरा है, योग के माध्यम से उत्तराखंड के लोगों को देश विदेश में नई पहचान मिली है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा योग के क्षेत्र में काम कर रहे उत्तराखंड के लोगों को सम्मानित किया जाना समस्त प्रदेशवासियों के लिए सम्मान का विषय है। यह हमारा सौभाग्य है कि इस अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव में पद्मश्री से सम्मानित आदरणीय योगाचार्य स्वामी शिवानंद जी, रजनीकांत जी का मार्गदर्शन प्राप्त हो रहा है। योग महोत्सव में आगंतुकों को जहां एक ओर योग, ध्यान और प्राणायाम की बारीकियों को सीखने का मौका मिलता है, वहीं दूसरी ओर वे नाड़ी परीक्षण और आयुर्वेद शिविरों के माध्यम से अपनी समस्याओं का निःशुल्क समाधान भी पाते हैं।

उन्होंने कहा कि ऋषिकेश की आध्यात्मिक भूमि पर संध्या काल में गंगा आरती, भजन, संकीर्तन और आंचलिक लोक-संगीत की धुन योग महोत्सव में भाग लेने वालों को उत्तराखंड की संस्कृति और विरासत से रूबरू कराने का कार्य करेगी। आज हम कितने तनावपूर्ण माहौल में क्यों न हों, कुछ मिनट का ध्यान हमें आराम देता है, हमारी क्षमताओं को बढ़ा देता है। इसलिए, हमें योग को एक अतिरिक्त काम के तौर पर नहीं लेना है, हमें योग को जानना भी है, हमें योग को जीना भी है, हमें योग को पाना भी है और हमें योग को अपनाना भी है। आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत, विश्व को योग का संदेश दे रहा है, ऐसे में अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव का महत्व और भी बढ़ जाता है।

मुख्यमंत्री ने कहा की ऋषिकेश की नैसर्गिक सुंदरता भी ऐसी है कि लोग स्वयं यहां प्रकृति का आनंद लेने के लिए आते हैं और योग महोत्सव के दौरान यह सौंदर्य और आनंद अपने चरम को छू लेता है। संपूर्ण विश्व में आज हमारे ऋषिकेश को योग की अंतरराष्ट्रीय राजधानी कहा जाता है, यह हम सभी के लिए बड़ी गौरव की बात है।

उन्होंने कहा की कुछ ही दिनों बाद यहां होने वाली जी20 बैठक के बाद तो ऋषिकेश की इस आध्यात्मिक भूमि से विश्व का कोना कोना परिचित हो जायेगा। आज प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में घर-घर में योग का प्रचार हुआ है, आज योग ’पार्ट ऑफ लाइफ’ नहीं बल्कि अब ’वे ऑफ लाइफ’ बन चुका है। उन्होंने कहा कि ऋषि-मुनियों की तपस्थली ऋषिकेश जैसे भारत के आध्यात्मिक केन्द्रों ने जिस योग-ऊर्जा को सदियों से पोषित किया, आज वो योग ऊर्जा विश्व स्वास्थ्य को दिशा दे रही है। आज योग वैश्विक सहयोग का पारस्परिक आधार बन रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज योग मानव मात्र को निरोगी जीवन का विश्वास दे रहा है, आज दुनिया के अलग-अलग देशों में सूर्याेदय के साथ, सूर्य की गति के साथ, लोग योग कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें पूरा विश्वास है कि कि इस महोत्सव में आयोजित होने वाले सत्रों की सार्थक चर्चा, हमारी सरकार को योग के क्षेत्र में और अधिक कार्य करने के लिए प्रेरित करेगी।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निर्देशन में उत्तराखण्ड की हमारी डबल इंजन की सरकार उत्तराखण्ड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के अपने विकल्प रहित संकल्प को पूरा करने के लिए संकल्पबद्ध होकर निरंतर कार्य कर रही है। आज जब पूरी दुनिया में हमारे प्रदेश की पहचान योग और आध्यात्म की जननी के रूप में है, तब हम सभी का दायित्व है कि इस पहचान को उत्कृष्टता प्रदान करने का कार्य करें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आगामी चार धाम यात्रा यहां आने वाले श्रद्धालुओं, पर्यटकों को सुगम और सरल हो इसके लिये व्यापक तैयारियों की जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले बार की यात्रा में तमाम चुनौतियों के बावजूद 50 लाख से अधिक यात्री देवभूमि के दर्शन हेतु आये। इस बार अभी तक 1.51 लाख रजिस्ट्रेशन हो चुके है तथा जीएमवीएन को 4 करोड़ की बुकिंग प्राप्त हो चुकी है। होटल व्यवसायियों की भी बुकिंग यात्रियों द्वारा की जा रही है। इस अवसर मुख्यमंत्री ने आस्थापथ सेतु के विस्तार की भी घोषणा की।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पद्मश्री स्वामी शिवानन्द को सम्मानित किया। जबकि पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज द्वारा पद्मश्री रजनीकान्त को सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री गंगा आरती में भी शामिल हुए, उन्होंने गंगा पूजन कर प्रदेश की खुशहाली की कामना की। इसके पश्चात मुख्यमंत्री ने योग पर आधारित आकर्षक ड्रोन शो का भी अवलोकन किया।

पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि यह महोत्सव उत्तराखण्ड के पर्यटन को नये आयाम प्रदान करेगा। इससे हमारे परम्परागत उत्पादों को भी पहचान मिलेगी। देश व दुनिया के लोगों को यहां की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से परिचित होने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा की यहां की बर्ड वाचिंग के साथ कई क्षेत्रों में पहचान बन रही है। राज्य के अन्य पर्यटन क्षेत्रों को पहचान दिलाने का भी कार्य किया जा रहा है। वेडिंग डेस्टिनेशन को भी उत्तराखण्ड में प्रमोट करने का कार्य किया जा रहा है। जिससे लोग यहां विवाह कर देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त करें। अनेक धार्मिक सर्किटों के माध्यम से प्रदेश को पहचान दिलाने का कार्य भी किया जा रहा है। इससे पर्यटन को और अधिक बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से अपील की कि चारधाम के साथ लगे अन्य दर्शनीय स्थलों का भी भ्रमण करें।

सचिव पर्यटन सचिन कुर्वे ने सभी आगन्तुको का स्वागत करते हुए अन्तराष्ट्रीय योग महोत्सव के अवसर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की जानकारी दी। सचिव पर्यटन ने कहा कि यह योग महोत्सव उत्तराखण्ड के पर्यटन को बढ़ावा देने के हमारी अतिथि देवो भवः की परम्परा को और अधिक प्रभावी बनाने मे मददगार होगा। उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय योग महोत्सव 2023 में 6 प्रतिष्ठित योग संस्थान भाग ले रहे हैं ईशा फाउंडेशन, आर्ट ऑफ लिविंग, रमामणि अयंगर स्मृति योग संस्थान, कैवल्यधाम, कृष्णमाचार्य योग मंदिरम तथा शिवानंद योग वेदांत सेंटर।

कार्यक्रम को कैबिनेट मंत्री प्रेम चंद अग्रवाल, सुबोध उनियाल ने भी सम्बोधित किया।

27 फरवरी को मुख्यमंत्री करेंगे श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय कैंपस में शिलान्यास

क्षेत्रीय विधायक व मंत्री डा. प्रेमचंद अग्रवाल ने आगामी 27 फरवरी को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ऋषिकेष विधानसभा आगमन को लेकर कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की। बता दें कि क्षेत्रीय विधायक व मंत्री डा. प्रेमचंद अग्रवाल के अथक प्रयासों से श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय के ऋषिकेश कैंपस पर शैक्षणिक व प्रशासनिक भवन का शिलान्यास किया जा रहा है, इसमें मुख्य अतिथि के रूप में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी शिरकत करेंगे।
बैराज रोड स्थित कैंप कार्यालय में कार्यकर्ताओं की बैठक मंत्री डा. प्रेमचंद अग्रवाल द्वारा ली गई। मंत्री डा. अग्रवाल ने बताया कि मुख्यमंत्री धामी का ऋषिकेश विधानसभा में प्रथम बार आगमन होना है, इसके चलते उनका भव्य स्वागत किया जाएगा।
डा. अग्रवाल ने बताया कि युवाओं द्वारा मुख्यमंत्री के स्वागत में मोटर साइकिल रैली निकाली जाएगी और जगह-जगह कार्यकर्ता व व्यापारियों द्वारा सम्मान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि देश का पहला ऐसा राज्य उत्तराखंड है जहां मुख्यमंत्री द्वारा राष्ट्रीय शिक्षा नीति को लागू किया गया है। साथ ही प्रदेश में शिक्षा के अतिरिक्त हर क्षेत्र में सराहनीय कार्य किये जा रहे हैं।
डा. अग्रवाल ने कहा कि हमारी सरकार सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास की भावना के साथ कार्य कर रही है। इसी क्रम में उनके द्वारा ऋषिकेश में उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए लगातार कार्य किये गए। इसी के परिणामस्वरूप श्रीदेव सुमन विवि का कैंपस यहां स्थापित हुआ है, उन्होंने बताया कि इसके लिए शिक्षा मंत्री डॉ धन सिंह रावत व मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का उनके आगमन पर ऋषिकेश विस क्षेत्रवासियों द्वारा आभार व्यक्त किया जाएगा।
डा. अग्रवाल ने कहा कि श्रीदेव सुमन विवि के कैंपस के स्थापित होने का लाभ ऋषिकेश विधानसभा के छात्र-छात्राओं को मिल रहा है। इसी क्रम में यहां शैक्षणिक व प्रशासनिक भवन का शिलान्यास किया जा रहा है, जिसे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और उच्च शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत द्वारा किया जाएगा।
इस मौके पर डा. अग्रवाल ने मुख्यमंत्री धामी के भव्य स्वागत की तैयारियों को लेकर प्रत्येक पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी सौंपी।
इस मौके पर जिलाध्यक्ष रविन्द्र राणा, जिलाध्यक्ष महिला मोर्चा कविता शाह, जिलाध्यक्ष अल्पसंख्यक मोर्चा सतीश सिंह, जिला मंत्री दीपक धमीजा, जिला उपाध्यक्ष दिनेश सती, प्रतीक कालिया, मण्डल अध्यक्ष वीरभद्र सुरेंद्र सिंह, मण्डल अध्यक्ष श्यामपुर दिनेश पयाल, रायवाला शिवानी भट्ट, मण्डल महामंत्री नितिन सक्सेना, तनु तेवतिया, गौरव कैंथोला, दीपक जुगलान, चंद्र मोहन पोखरियाल, आशीष जोशी, महिला मोर्चा मण्डल अध्यक्ष माधवी गुप्ता, निर्मला उनियाल, सोनी रावत, देवदत्त शर्मा, युवा मोर्चा ऋषिकेश मण्डल अध्यक्ष जगावर सिंह, हरीश तिवारी, रूपेश गुप्ता आदि कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

सोमेश्वर मंदिर से आरंभ हुई शिव बारात

क्षेत्रीय विधायक व कैबिनेट मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने प्राचीन सोमेश्वर महादेव मंदिर द्वारा आयोजित श्री बरात कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

इस मौके पर मंत्री डॉ अग्रवाल ने महाशिवरात्रि पर्व की शिव भक्तों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि भगवान शंकर सभी देवी-देवताओं में सबसे भोले है, भक्तों द्वारा सच्चे मन से मनोकामना मांगने पर शीघ्र पूरी करते हैं, इसके चलते उन्हें भोलेनाथ भी कहा जाता है।

डा. अग्रवाल ने कहा कि भगवान शिव को जगत का पालनहार कहा जाता है, जब समस्त सृष्टि के समय विपत्ति आती है तो भगवान शंकर उसका निदान करते है। उन्होंने कहा कि समुद्र मंथन के दौरान निकले जहरीले विष को भगवान शंकर ने ही पीकर अपने गले में ही रोक दिया था, इस कारण उनका नाम नीलकंठ भी पड़ा।

मंत्री डा. अग्रवाल ने कहा कि महाशिवरात्रि मनाने के पीछे का कारण यह भी है कि आज के दिन देवो के देव महादेव का विवाह माता पार्वती के साथ हुआ था। जिसे शिवभक्त आज भी धूमधाम से मनाते हैं।

इस मौके पर महाराज रामेश्वर गिरी, भाजपा मण्डल अध्यक्ष सुमित पंवार, जिला उपाध्यक्ष दिनेश सती, अल्पसंख्यक मोर्चा के जिला अध्यक्ष सतीश सिंह, पार्षद राजेश दिवाकर, रूपेश गुप्ता, गोपाल सती, विवेक शर्मा, महंत विनय सारस्वत सहित शिव भक्त उपस्थित रहे।

मिश्र परिवार ने कराई ऐतिहासिक रही दंगल प्रतियोगिता

ऋषिकेश नगर निगम के प्रांगण में स्वर्गीय कमल नारायण मिश्र और स्वर्गीय शिव मोहन मिश्र की स्मृति में दंगल प्रतियोगिता आयोजित की गई। दंगल में विभिन्न प्रदेशों से आए पुरुष पहलवानों और रुड़की से आई महिला पहलवानों ने अपने दांव दिखाए।
लायंस क्लब ऋषिकेश डिवाइन के सहयोग से आयोजित दंगल में देश के विभिन्न शहरों से आए नामी-गिरामी पहलवानों ने अपने जबरदस्त दांव पेच से दर्शकों की जहां खूब तालियां बटोरी। वहीं कुछ हैरतअंगेज अदाओं से लोगों को दातों तले उंगली दबाने पर मजबूर भी कर दिया।
दर्शकों की खचाखच भीड़ के बीच दंगल का शुभारंभ भारत माता मंदिर के महामंडलेश्वर महाराज ललितानंद गिरी ने किया। दंगल में कुल 32 कुश्तियां आयोजित हुई जिसमें सबसे बड़ी इनामी कुश्ती ₹11000 की मेरठ के उमेश पहलवान और दिल्ली के जसविंदर पहलवान के बीच हुई लेकिन तमाम जोर आजमाइश के बावजूद बराबरी का मुकाबला रहा जिसके चलते दोनों पहलवानों को संयुक्त रूप से विजेता घोषित किया गया।
दोनों पहलवानों को दंगल के आयोजक ललित मोहन मिश्र और लायंस क्लब ऋषिकेश डिवाइन के अध्यक्ष रजत भोला ने ट्रॉफी एवं इनामी राशि प्रदान की।
लायंस क्लब ऋषिकेश डिवाइन के संस्थापक ललित मोहन मिश्र ने दंगल की अभूतपूर्व सफलता पर नगर वासियों का आभार जताया। ऋषिकेश का यह दंगल ऐतिहासिक रूप से सफल रहा। दिल्ली मेरठ बिजनौर मध्य प्रदेश और अयोध्या, मध्यप्रदेश व उत्तराखंड के पहलवानों ने ऋषिकेश में अपना हुनर दिखाया। रेफरी जयप्रकाश ठेकेदार, राम प्रसाद भारद्वाज और श्याम बहादुर ने संयुक्तरुप से किया।
दंगल के दौरान लायंस क्लब डिवाइन के अध्यक्ष रजत भोला एवं उनकी पूरी टीम पूर्व पालिकाध्यक्ष दीप शर्मा, पूर्व पार्षद रवि जैन, समाजसेवी अजय गर्ग, घनश्याम, नगर निगम पार्षद मनीष शर्मा, राकेश मियां, राजेंद्र सिंह बिष्ट, नरेंद्र मैनी, राजेश अग्रवाल, हरदेव पनेसर, विनय उनियाल, दीप सुनेजा, संदीप खुराना, जोगेंद्र कुमार, अभिषेक शर्मा, सुनील तिवारी, नागेंद्र सिंह आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

मुक्तिधाम ऋषिकेश को मिला एक और वाहन

लायंस क्लब ऋषिकेश डिवाइन द्वारा मुक्तिधाम ऋषिकेश को एक (मोर्चरी वैन) शव वाहन श्री जयराम आश्रम के अध्यक्ष ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी के कर कमलों द्वारा प्रदान किया गया।
संस्थापक ललित मोहन मिश्र व अध्यक्ष रजत भोला ने बताया कि शहर का विस्तार होने के कारण तथा आबादी घनत्व बढ़ने के कारण नगर में मोर्चरी वैन की आवश्यकता बढ़ गई थी। ऐसे में देखा गया कि कई मर्तबा लोगों को पुराने मोर्चरी वैन के व्यस्त रहने के कारण काफी घंटे तक इंतजार करना पड़ता था, इस वाहन से इस समस्या से निजात मिल जाएगा।
इस अवसर पर जयराम आश्रम के अध्यक्ष ब्रह्म स्वरूप ब्रह्मचारी ने कहा कि सनातन धर्म की यही सबसे बड़ी विशेषता है कि यह परोपकार में सबसे आगे रहता है। लायंस क्लब डिवाइन द्वारा मोर्चरी वाहन उपलब्ध कराना इसी को दर्शाता है, सेवा कार्य करने में लायंस क्लब ऋषिकेश डिवाइन का समाज में महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने क्लब को इसी प्रकार ने कार्य करते रहने का आशीर्वाद भी दिया।
कार्यक्रम में मोहित गनेड़ीवाला, घनश्याम डंग, पूर्व अध्यक्ष महेश किंगर, पूर्व अध्यक्ष अशोक डंग, कपिल गुप्ता, राजपाल खरोला, दिनेश अरोड़ा, विकास ग्रोवर, मुकेश अग्रवाल, शिवम अग्रवाल, मुकेश अग्रवाल, विनीत चावला, हेमंत सुनेजा, प्रदीप गुप्ता, तरुण प्रभाकर, अंकित कालड़ा, कृष्णा कालड़ा, अमित सूरी, दीप शर्मा, पवन शर्मा, सुनील गुप्ता, नागेंद्र मिश्रा, पंकज गुप्ता, राजेश अग्रवाल, अनिल कक्कड़, दीपक तायल, संदीप खुराना, अभिषेक शर्मा, विक्की पनेसर, अनिरुद्ध गुप्ता आदि उपस्थित रहे।