बाबा के वकील सजा के खिलाफ हाईकोर्ट में जाने की तैयारी!

रेप केस में दोषी डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह के लिए सीबीआई की स्पेशल कोर्ट ने सजा का ऐलान कर दिया है। उसे दो अलग-अगल मामलों में बीस साल की सजा सुनाई गई है। सजा पर बहस पूरी होने के बाद राम रहीम जज के सामने रहम की भीख मांगने लगा। इस केस की सुनवाई के लिए रोहतक जेल के अंदर कोर्ट रूम बनाया गया था। बलात्कारी बाबा राम रहीम को सीबीआई कोर्ट द्वारा बीस साल की सजा दिए जाने पर लोग अपनी खुशी तो जता रहे हैं लेकिन वो ये भी चाह रहे हैं कि उसे फांसी की सजा दी जाती तो ज्यादा बेहतर होता। खुद बलात्कारी राम रहीम के वकील ने बताया, ‘हम पूरे फैसले को विस्तार से पढ़ेंगे और हाईकोर्ट में अपील करेंगे। कोर्ट राम रहीम को अलग-अलग मामलों में दस-दस साल की सजा सुनाई है। 30 लाख का जुर्माना लगाया है। राम रहीम को कुल बीस साल की सजा दी गई है जो उन्हें लगातार नहीं काटनी होगी।’ बलात्कारी बाबा के वकील एसके नरवाना ने आगे बताया कि राम रहीम को धारा 376 और 506 के तहत ये सजा सुनाई गई है।

वीडीओ वायरल, हम बुरी सोच नही रखते
ऐसे में बलात्कारी बाबा राम रहीम का एक पुराना वीडियो वायरल हो रहा है। जिसे फेसबुक पर एक यूजर्स ने शेयर किया है। वीडियो शेयर किए जाने के बाद से ही इस चंद घंटों में 64 हजार लोग देख चुके हैं। जबकि दो हजार से ज्यादा लोगों ने वीडियो को शेयर किया है। वीडियो में राम रहीम से रिपोर्टर द्वारा एक सवाल पूछा गया है। रिपोर्टर पूछते हैं कि बाबा आप सभी काम करते हो। आप डांस करते हो। गाना गाते हो। वो कौन सी चीज है जो आप नहीं करते हैं? जिसका जवाब देते हुए राम रहीम ने कहा, ‘बस हम बुरी सोच कभी नहीं रखते हैं और बुरा काम कभी नहीं करते। बाकि हर काम कर लेते हैं।’ वहीं वीडियो पर कई यूजर्स ने अपनी प्रतिक्रियाएं दी हैं। हर्षवीर सिंह लिखते हैं, ‘ जहां पूरी राजनीति एक बाबा के चरणों मे नतमस्तक हैं वहां आप जैसे वीर आईपीएस का ये कटाक्ष काबिल ए तारीफ हैं।’ राम लिखते हैं, ‘मेरा बस चले तो ऐसे बाबाओं को बीच सड़क पर लटकाकर गोली मार दूं।’ विजय लिखते हैं, ‘आम लोगों का अंधविश्वास ही इन बाबा लोगो को प्रोत्साहन देता है। और एक दिन कोई भी बाबा इसका फायदा उठाकर मानवता को शर्मासर करने वाले कार्य को अंजाम देता है।’

घसीट कर ले गए कोर्ट रुम से बाहर
रोहतक जेल में 20 साल की कैद की सजा सुनाए जाने के बाद भी बलात्कारी बाबा कोर्ट रूम से बाहर नहीं जा रहा था। वो लगातार जज जगदीप सिंह से रहम की भीख मांग रहा था। वो बार-बार जज के सामने हाथ जोड़कर गिड़गिड़ा रहा था, मुझे माफ कर दो, गलती हो गई लेकिन जज का दिल नहीं पसीजा। इसके बाद गुरमीत राम रहीम सिंह कोर्ट रूम में ही बैठकर रोने लगा। इससे पहले उसने बीमारी का भी बहाना बनाया मगर कोर्ट रूम में पहुंची मेडिकल टीम ने जांच कर उसे मेडिकली फिट करार दे दिया। इसके बाद पुलिस के जवान उसे घसीटते हुए जेल के बैरक तक ले गए, जहां वो पिछले दो दिनों से कैदी नंबर 1997 बनकर रह रहा है। राम रहीम के वकील ने जज से गुजारिश की कि राम रहीम समाजसेवी हैं, इसलिए उन्हें माफी दी जाय। बचाव पक्ष के वकील ने कोर्ट को यह भी दलील दी कि बाबा ने स्वास्थ्य शिविर लगवाए, रक्त दान कैम्प लगवाए हैं। इस पर जज ने कहा, लगवाए होंगे और किए होंगे सामाजिक काम लेकिन उन्होंने बलात्कार भी किया है, इसलिए उन्हें सजा भी मिलेगी। इससे पहले जज ने दोनों पक्षों को अपनी-अपनी बात रखने के लिए 10-10 मिनट का वक्त दिया। सीबीआई के वकील ने मामले में अधिकतम सजा देने की मांग करते हुए राम रहीम को उम्रकैद देने की मांग की थी।

कैसे होगी पढ़ाई जब प्रदेश में शिक्षकों के 7 हजार पद रिक्त है!

शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे ने कहा कि प्रदेश में 7 हजार शिक्षकों के पद रिक्त पड़े हैं। सरकार भी इन पदो को भरे जाने के लिए गंभीर है, लेकिन शिक्षकों की नियुक्ति का मामला हाईकोर्ट की शरण में है जिस कारण सरकार कोई फैसला नही कर पा रही है। शिक्षामंत्री का कहना है कि जैसे ही हाईकोर्ट की तरफ से आदेश आएगा। सरकार द्धारा शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर चयन आयोग को निर्देश दे दिए जाएंगे।
वहीं, शिक्षा मंत्री ने कहा कि बेहतर पठन पाठन व शैक्षणिक माहौल के लिए प्रदेश में बोर्ड बदलने की जरूरत नहीं है। जरूरत है तो पाठ्यक्रम बदने की जिसके लिए सरकार ने सैलेबस बदलने की पहल की है। जिसे केबिनेट में भी पास करा लिया गया है। जिसके बाद अब विद्यार्थी एनसीईआरटी की पुस्तकें पढ़ सकेंगे। कक्षा एक से लेकर इंटरमीडिएट तक के सभी विद्यालयों के लिए इसे अनिवार्य कर दिया गया है। एनसीईआरटी पुस्तकों के माध्यम से ही मेडिकल, इंजीनियरिंग तथा अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्न पत्र तैयार किए जाते हैं। इस व्यवस्था के बाद हमारे विद्यार्थी प्रतियोगी परीक्षाओं में बेहतर करेंगे।

ईनामी बदमाश स्पोर्ट कॉलेज के चेक पोस्ट से गिरफ्तार

राजधानी देहरादून में इनामी अपराधियो के धरपकड़ के लिए लगातार चल रहे सत्यापन अभियान के तहत 2013 से फरार इनामी अपराधी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। सत्यापन के बाद अपराधी को पकड़ने के लिए एसएसपी ने टीम गठित की थी जिसके बाद मोबाइल लोकेशन से पता चला की अपराधी दिल्ली में है, तभी उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम को दिल्ली गयी। लेकिन पुलिस के पहुचने से पहले ही अपराधी प्रदीप सकलानी दिल्ली से देहरादून के लिए रवाना हो चुका था। जिसके बाद लोकेशन के आधार पर अपराधी को देहरादून से गिरफ्तार किया।
एसएसपी निवेदिता कुकरेती ने बताया कि शातिर अपराधी प्रदीप सकलानी पर देहरादून के अलग अलग थानों में ठगी ओर धोखाधड़ी के 17 मुकदमे दर्ज है। पुलिस प्रदीप को 2013 से ही गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही थी लेकिन अपराधी अपना ठिकाना बार बार बदलता था। जिस वजह से सही लोकेशन न मिल पाने की वजह से गिरफ्तार नही हो पाया था। लेकिन कल एसओजी और थाना पटेल नगर की पुलिस ने दिल्ली से लगातार अपराधी का पीछा किया और आखिर पुलिस ने अपराधी प्रदीप को महाराणा प्रताप स्पोर्ट कॉलेज चेक पोस्ट से गिरफ्तार कर लिया।

अगले माह यात्रियों की संख्या में होगा इजाफा

केदारनाथ यात्रा के लिये आपदा के बाद अच्छी खबर है। बहुत कम समय में चार लाख से अधिक तीर्थ यात्रियों ने बाबा केदार के दर्शन कर दिये हैं। बाबा के दर्शन करने वाले तीर्थ यात्रियों का आकंडा चार लाख पार पहुंच चुका है।
16-17 जून 2013 को केदारनाथ में आई भीषण आपदा के बाद इस बार केदारनाथ आने वाले तीर्थ यात्रियों की संख्या में भारी वृद्धि हुई है। बरसात के मौसम में भी यात्री बाबा के दर्शनों के लिये पहुंचे हैं, जिससे देश-विदेश में यात्रा को लेकर अच्छा संदेश गया है। मई माह में कपाट खुलने के बाद चार माह के समय में चार लाख से अधिक तीर्थ यात्री बाबा के दर्शनों को पहुंचे हैं। आगामी दो महीने में भी केदारघाटी के सभी होटल-लॉलों में एडवांस बुकिंग आ चुकी है, जिससे उम्मीद जताई जा रही है कि इस बार पांच लाख से अधिक यात्री बाबा के दर्शनों के लिये पहुंचेंगे।
इधर, पुलिस अधीक्षक प्रहलाद नारायण मीणा ने बताया कि यह यात्रा सीजन यात्रा के दृष्टिकोण से बहुत अच्छा गुजर रहा है। आपदा के बाद यात्रा पटरी पर लौट चुकी हैं बहुत कम समय में चार लाख से अधिक तीर्थ यात्री बाबा के दर्शनों के लिये पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि आगामी दो माह की यात्रा के लिये भी एडवांस बुकिंग आ चुकी हैं। मौसम भी खुल रहा है। बरसात का सीजन समाप्त होने वाला है। ऐसे में अधिक यात्रियों के आने की उम्मीदे हैं। उन्होंने कहा कि यात्रियों को किसी भी प्रकार की दिक्कतें नहीं होने दी जाएंगी। यात्रियों को बेहतर से बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

जानिये, कौन सा मंत्री आपकी समस्या को सुलझा सकता है!

सरकार अब सीधे जनता के दरवाजो पर दस्तक देगी। जिसके लिए मुख्यंत्री नें एक मास्टर प्लान तैयार किया है। जनता से सीधे सरोकार को लेकर आज भाजपा कार्यालय में जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि अब तक जहां जिलो के दौरों में प्रभारी मंत्री समेत जिलाधिकारियो को समय-समय पर जनता के बीच संवाद स्थापित करने के आदेश जारी हो चुके है। वही एक तरफ अब माह में एक बार मुख्यमंत्री खुद कुमाऊ मंडल के पार्टा कार्यालय हल्द्वानी जाकर जनता की समस्याओ का सीधा निस्तारण करेंगे। वहीं, पार्टी कार्यालय में भी इसी तरह की व्यवस्था लागू की जा रही है। सरकार ने सीधे जनता से सरोकार को लेकर एक बृह्द योजना बनाई है, जिससे पूरी सरकार समय-समय पर जनता के बीच मौजूद रहकर जनका की समस्याओ का निस्तारण कर सकेगी। वहीं, इसे जनता और सरकार के बीच संवाद के रूप में एक बेहतर पहल के रूप में देखा जा रहा है।

जानियें, कौन मंत्री किस दिन लगायेगा दरबार
सोमवार को कृषि मंत्री सुबोध उनियाल
मंगलवार को वन मंत्री हरक सिंह रावत
बुद्धवार को वित्त मंत्री प्रकाश पंत
गुरुवार को परिवहन व समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य
शुक्रवार पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज
शनिवार को उच्च शिक्षा राज्य मंत्री धन सिंह रावत
रविवार को महिला एंव बाल विकास राज्य मंत्री रेखा आर्य

इसके साथ ही किसी भी मंत्री की अनुपस्थिति में पार्टी कार्यालय में बैठने की जिम्मेदारी शासकीय प्रवक्ता और कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक समेत शिक्षा मंत्री अरविंद पाण्डे संभालेंगे। सरकार नें एक तरफ जहां पहले जनता दरवार से जनता के बीच पहुचने की कोशिश की है। वहीं, प्रभारी मंत्रियो के जरिए सरकार नें पूरे प्रदेश में जनता से संवाद स्थापित करने का प्रयास किया। अब हफ्ते के 7 दिन सरकार नें जनता से जुडने के लिए पार्टी कार्यलय को अपना ठिकाना बनाया है।

कुमॉउ में नंदा देवी मेले की है अलग पहचान

कुमॉउ का प्रसिद्ध मॉं नंदा देवी मेले की आज विधिवत शुरुआत हो गई। यह मेला इस लिए भी खास है कि कुमॉउ में मां नन्दा देवी को अपनी आराध्य माना जाता है। मॉं नंदा देवी मंदिर में आज मॉं नंदा सुनंदा की मूर्तियों के लिए लाये गये कदली वृक्षों का पूजन किया गया। मौके पर चंद वंष के वंषज केसी बाबा पूर्व सांसद नैनीताल ने पूजा सम्पन्न कराई। प्रदेष के पर्यटन, सिंचाई व संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने भी पूजा कार्यक्रम में षिरकत की। मॉं नंदा देवी मेला समिति के अध्यक्ष मनोज वर्मा ने बताया कि मॉं नंदा देवी उत्तराखण्ड की अधिष्ठात्री देवी के रुप में पूज्य है। अल्मोड़ा मॉं नंदा देवी मेला ऐतिहासिक पहचान रखता है। मेले को भव्य बनाने के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं।

अच्छा प्रर्दशन करें तो निकायों को मिल सकती है 75 लाख की धनराशि

स्वच्छ भारत मिशन कार्यक्रम में स्वच्छता सर्वेक्षण में प्रथम तीन स्थान पाने वाले नगर निगम, नगर पालिका को क्रमशः 75, 50 एवं 25 लाख रूपये का पुरस्कार दिया जाएगा। यह घोषणा एक स्थानीय होटल में स्वच्छ भारत मिशन के अन्तर्गत नगरीय ठोस अपशिष्ट प्रबन्धन तकनीकी एवं स्वच्छता सर्वेक्षण 2018 विषय पर दो दिवसीय राज्य स्तरीय कार्याशाला में मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कार्यशाला उत्तराखण्ड में स्वच्छता कार्यक्रम के अभियान को मजबूती देगी। यह हमारे लक्ष्यों को पूर्ण करने में मददगार होगी। उन्होंने कहा कि स्वच्छता कार्यक्रम के लिए मानसिंकता में बदलाव की आवश्यकता, आम व्यक्ति की जागरूकता एवं सहभागिता से यह लक्ष्य आसानी से प्राप्त किया जा सकता है। ठोस अपशिष्ठ एवं प्रबन्धन की दिशा में आधुनिक तकनीक और शोध की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि तकनीकी के माध्यम से हम बडा से बडा लक्ष्य प्राप्त कर सकते है। सरकारी स्तर पर स्वच्छता कार्यक्रम की महत्ता को दर्शाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छता के प्रयासों को कर्मचारियों के वार्षिक प्रवृष्टि में अंकित किया जायेगा।
नगर विकास मंत्री मदन कौशिक ने कहा कि स्वच्छता कार्यक्रम में नवीन तकनीकी के प्रयोग हेतु स्थानीय निकायों को अपनी आमदनी बढाने के प्रयासों पर बल देना होगा। शहरी विकास मंत्री ने कहा कि मार्च 2018 तक शत-प्रतिशत शौचालय ओडीएफ, डोर-टू-डोर कलेक्शन का लक्ष्य प्राप्त कर लिया जायेगा। इसके अतिरिक्त शत-प्रतिशत एलईडी का लक्ष्य प्राप्त किया जायेगा। उन्होंने कहा कि नगर निगम कि कार्य संस्कृति से अन्य नगर पालिका प्रभावित होती है। इसलिए नगर निगम की जिम्मदारी स्वच्छता के सन्दर्भ में अधिक है।
सचिव शहरी विकास राधिका झा ने कहा कि प्रदेश सरकार स्वच्छता के कार्यक्रम को लेकर संवेदनशील है। जिलाधिकारियों को साप्ताहिक नगर आयुक्त एवं अधिशासी अधिकारियों, नगर निगम के साथ समीक्षा बैठक करने के निर्देश दिये गये है। राज्य स्तरीय कार्यशाला में स्वच्छता विषय पर शपथ ली गई एवं स्वच्छता कार्यक्रम की एक मार्गदर्शिका पुस्तिका का भी विमोचन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान स्वच्छता विषय के इनोवेटिव टेक्नोलाॅजी के प्रयोग सम्बन्धी देशभर के विशेषज्ञों द्वारा आयोजित प्रदर्शनी लगायी गयी है।

पुस्तकें हमारी मित्र, कभी साथ नही छोड़ती

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने सोमवार को नेशनल बुक ट्रस्ट तथा उच्च शिक्षा विभाग उत्तराखंड शासन द्वारा परेड ग्राउंड में आयोजित देहरादून पुस्तक मेले के शुभारंभ कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। देहरादून पुस्तक मेले का शुभारंभ संयुक्त रुप से राज्यपाल डॉ कृष्णकांत पाल, मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत तथा उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया।
उपस्थित छात्र छात्राओं तथा पाठको को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 10 दिवसीय पुस्तक मेला सभी छात्रों और पाठको के लिए एक अच्छा अवसर है। पुस्तकों के बिना हमारा जीवन अधूरा है। पुस्तके मात्र छपी सामग्री ही नहीं है बल्कि यह ज्ञान का स्रोत है। यदि हम पुस्तकों का महत्व समझें तो यह हमारे जीवन में सुख का आधार है। उन्होंने छात्रों से कहा कि यदि उन्हें दोस्ती करनी है तो पुस्तकों से करें। पुस्तके ऐसी मित्र है जो कभी साथ नहीं छोड़ती। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी भी पढ़ने की आदत पर विशेष बल देते हैं। आज आईटी, ई-लाइब्रेरी, डिजिटल बुक्स के लोकप्रिय होने से तकनीकी क्षेत्र में संक्रमण काल चल रहा है। हमारे समक्ष चुनौती है कि हमें डिजिटल भी होना है तथा पुस्तकों का महत्व बनाए रखना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम संकल्प ले सकते हैं कि एक घंटा धार्मिक, सांस्कृतिक, तकनीकी, विज्ञान, ललित कला आदि से संबंधित पुस्तकें पढ़ें। उन्होंने पंचायत स्तर पर पुस्तक मेले आयोजित करने की बात कही।

नशे में धुत होकर करते थे रैगिंग, कॉलेज प्रशासन ने निष्कासित किया

छात्रावास में नशे की हालत में रैगिंग करना तीन छात्रों को महंगा साबित हुआ है। आखिरकार जीबी पंत इंजीनियरिंग कॉलेज प्रशासन ने रैगिंग लेने के मामले मे तीन छात्रों को तीन महीने के लिए छात्रावास से निष्कासित करना ही पड़ा। कॉलेज में द्वितीय वर्ष के तीन छात्र नशे में धुत होकर आधी रात को प्रथम वर्ष के छात्रों के हॉस्टल में रैगिंग लेने गए थे। जब द्वितीय वर्ष इलेक्ट्रिकल के तीन छात्र नशे की हालत मे प्रथम वर्ष के छात्रों के हॉस्टल में घुसे तो वहां प्रभारी वार्डन और स्टाफ ने तीनों को पकड़ लिया। इस बीच किसी छात्र ने छात्रों की शिकायत एंटी रैगिंग सेल में दर्ज करा दी। कालेज के निदेशक प्रो. एसपी पाण्डे ने बताया कि तीनों छात्रों को तीन महीने के लिए हॉस्टल से बाहर कर दिया है, हालांकि छात्रों की शैक्षणिक गतिविधियों पर कोई प्रतिबंध नहीं लगाया है।

जब्त गाड़ी से पुलिस को आपत्तिजनक सामान बरामद

पंचकूला में हुई हिंसा के दौरान पुलिस ने बाबा गुरमीत की कई संदिग्ध गाड़ियां जब्त की थी। जो फिलहाल पंचकूला के मनसा देवी पुलिस स्टेशन में खड़ी हैं। पुलिस ने जब इन गाड़ियों की तलाशी ली तो पाया कि यह लग्जरी गाड़ियों में ऐशगाह का वह सारा सामान है, जो किसी पांच सितारा होटल में होता है। पुलिस को गाड़ी में से कई आपत्तिजनक सामान भी मिले है। जिसमें महिलाओं के सेनेटरी नैपकिन भी शामिल हैं।
पुलिस के मुताबिक, हंगामे के दौरान पकड़ी गई इन गाड़ियों से जो चीजें मिली उससे पता चलता है कि बाबा को कैसे भगाना था। पुलिस थाने में मौजूद फायर ब्रिगेड की गाड़ी में एक 5/4 का बॉक्स मिला है। यह बॉक्स आमतौर पर किसी भी फायर टेंडर के अंदर नहीं होता है। इस बॉक्स में जांच करने के बाद सामने आया कि इसमें पेट्रोल डाला गया था। ये पेट्रोल वहीं से पानी में सप्लाई करना था और आग लगाई जानी थी। गाड़ियों में से कुछ हथियार भी मिले हैं। इन गाड़ियों में से कुछ लिफाफे मिले हैं जो साल 2017 के हथियारों के लिए यूज किए जाते हैं। लेकिन इसमें से हथियार गायब हैं। लग्जरी गाड़ियों में मिले सूटकेसों में कई कपड़े भी मिले हैं। इससे साफ होता है कि गुरमीत को भगाकर ले जाने के लिए प्लानिंग की गई थी। रामरहीम के काफिले से जब्त की गई इन गाड़ियों में महंगे पर्दे और सीट कवर लगाए गए थे। वहीं, सीटें आरामदायक सौफे की तरह थी।
साजिश के तहत कोर्ट में दोषी साबित होने के बाद गुरमीत सिंह को बाहर लाया गया, तो गुरमीत के गनमैनों ने एक आईपीएस अधिकारी के साथ हाथापाई की। वहीं पर बलात्कारी बाबा को भगाने की कोशिश की गई थी। इस दौरान कई गाड़ियों का काफिला डेरा मुखी के काफिले के पीछे भागा था। प्लानिंग के दौरान जब ये झगड़ा हो रहा था, इसी दौरान आदित्य सहित बाकी लोगों ने यहां सेक्टर 2/4 के चौक पर पहले से ही प्लांड प्रोग्राम के तहत दंगा करवा दिया था। प्लानिंग थी कि दंगा होने के बाद सारी पुलिस फोर्स का ध्यान पब्लिक पर हो जाएगा। पब्लिक भी अच्छी संख्या में है, जो पूरे जोश में थी। ऐसे में दंगा को फैलाने की साजिश करने वाले यहां दंगा होने पर वहां से निकल गए।