मेरा और मेरी पार्टी का एजेंडा राज्य का विकास करना है-धामी

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को छोड़कर राज्य में अन्य सभी पार्टियों का एजेंडा केवल चुनाव है और वह प्रदेश को आगे बढ़ाने के लिए ईमानदारी से काम कर रहे हैं। धामी ने एक न्युज एजेंसी को दिए साक्षात्कार कहा, भाजपा को छोड़कर सभी पार्टियां उत्तराखंड में चुनाव के लिए काम कर रही हैं। ये साढ़े चार साल गायब रहती हैं और अंत में चुनाव के समय आकर अपनी घोषणाएं करना शुरू कर देती हैं, इसलिए उनका एजेंडा केवल चुनाव है। उन्होंने कहा, हमारा एजेंडा केवल चुनाव नहीं है। हम प्रदेश को आगे बढ़ाने के लिए ईमानदारी से काम कर रहे हैं। (प्रधानमंत्री नरेंद्र) मोदी जी ने हमें विजन-2025 दिया है। जब 2025 में राज्य 25 वर्ष का होगा, तब यह हर क्षेत्र में आगे होगा और हिंदुस्तान का एक आदर्श राज्य होगा। उन्होंने (मोदी ने) स्वयं कहा है और वह इसके लिए प्रयासरत हैं। हम इसे साकार बनाने के लिए प्रयासरत हैं। इसके लिए हम सभी का आशीर्वाद चाहते हैं, जो मिल भी रहा है।
दलित नेता यशपाल आर्य के भाजपा छोड़कर कांग्रेस में जाने के संबंध में मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे भाजपा पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने कहा, हमारी पार्टी एक लोकतांत्रिक और संगठन आधारित पार्टी है। हमारी पार्टी देश प्रथम, पार्टी द्वितीय और व्यक्ति अंतिम के सिद्धांत पर काम करती है और हमारा लक्ष्य प्रदेश को आगे बढाना है। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता इस आधार पर काम नहीं करते कि कौन आता है और कौन जाता है तथा वे इस आधार पर काम करते हैं कि देश और प्रदेश के लिए क्या अच्छा है।
कांग्रेस के दल-बदल को बढ़ावा नहीं देने, लेकिन भाजपा की ऐसी गतिविधियों का जवाब देने से न चूकने संबंधी पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए धामी ने कहा, श्श्एक तरफ हरीश रावत कहते हैं कि हम दल-बदल को बढ़ावा नहीं देंगे और दूसरी तरफ वह ऐसा कर भी रहे हैं। कांग्रेस महासचिव रावत ने कहा था कि कांग्रेस दल-बदल को बढ़ावा नहीं देती और उत्तराखंड के लिए इसे अशुभ मानती है लेकिन अगर भाजपा दल-बदल की गेंद से हमारे साथ खेलेगी, तो हम भी चूकेंगे नहीं।
धामी ने कहा, यदि लोग उनकी पसंद के हैं तो वे कहते हैं कि आ जाइए और पसंद के नहीं हैं तो उनके लिए अपने मानक बना देते हैं। किसान आंदोलन के कारण चुनावों में भाजपा को नुकसान पहुंचने की संभावना के बारे में पूछे जाने पर धामी ने सीधा जवाब नहीं दिया और कहा कि वह एक सैनिक परिवार के होने के साथ ही स्वयं एक किसान भी हैं। उन्होंने कहा, सभी किसान हमारे भाई हैं और हम आपस में मिलते-जुलते और बात करते रहते हैं। हम एक परिवार है। चुनाव एक अलग विषय है। मैं उनके बीच से हूं और मुझे लगता है कि वे ऐसा सोचेंगे भी नहीं।
चारधाम प्रबंधन देवस्थानम बोर्ड को भंग किए जाने को लेकर पुरोहितों के आंदोलन के बारे में धामी ने कहा कि वह स्वयं सबसे बात कर रहे हैं और इस संबंध में वरिष्ठ भाजपा नेता मनोहर कांत ध्यानी की अध्यक्षता में बनी समिति सभी पक्षों को सुनकर नवंबर तक अपनी रिपोर्ट दे देगी। पलायन के मुददे पर धामी ने कहा कि वन अनुसंधान संस्थान के पूर्व निदेशक एस एस नेगी की अध्यक्षता में बने पलायन आयोग ने इस पर काम किया है और कई रिपोर्ट तैयार की हैं। उन्होंने कहा, हम पलायन रोकने के लिए स्वरोजगार जैसी योजनाएं लाकर नए सिरे से काम कर रहे हैं ताकि लोगों को काम मिले, उनकी आजीविका चल सके।
अपने 100 दिन के कार्यकाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी कोशिश रही है कि नौकरशाही सही से काम करे और लोगों की समस्याओं का निस्तारण हो। उन्होंने कहा कि घोषणाएं करने से पहले उन्होंने संबंधित विभागों से आकलन कराया और उसके बाद वित्त विभाग से परामर्श लिया, जिससे उनके लाभ लोगों को जल्द मिलने लगे। उन्होंने कहा कि कोविड-19 से ज्यादा प्रभावित हुए पर्यटन, स्वास्थ्य, परिवहन और सांस्कृतिक क्षेत्रों के लिए उन्होंने पैकेज घोषित किए।
धामी ने भरोसा जताया कि चुनाव के परिणाम भाजपा के अनुकूल रहेंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के केंद्र में आने के बाद से उत्तराखंड के लिए ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन, चारधाम आल वेदर रोड, हवाई संपर्क, भारत माला परियोजना और भव्य केदारपुरी निर्माण, 250 करोड़ रुपए के बदरीनाथ मास्टर प्लान सहित चारों धामों के लिए 700 करोड़ रुपए से ज्यादा के काम समेत कई ऐतिहासिक कार्य हुए हैं और इसका लाभ भाजपा को मिलेगा।

सीएम धामी की घोषणा का शासनादेश जारी

युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल विभाग के अन्तर्गत युवक मंगल दल एवं महिला मंगल दल को स्वावलम्बन के लिए छः माह आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की घोषणा के क्रम में युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल विभाग के अन्तर्गत युवक मंगल दलों और महिला मंगल दलों को स्वावलम्बन के लिए 22 करोड़ 24 लाख 50 हजार रूपये की स्वीकृति का शासनादेश जारी कर दिया गया है। इस राशि से प्रदेश के युवक मंगल दलों और महिला मंगल दलों को छः माह आर्थिक सहायता दी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कोरोना काल में युवक मंगल दलों और महिला मंगल दलों के सराहनीय कार्य को देखते हुए छः माह आर्थिक सहायता की घोषणा की थी।

विभिन्न महाविद्यालयों में सीएम ने स्वीकृत किए रिक्त पद

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के ऋण खाताधारकों को छः माह हेतु ब्याज प्रतिपूर्ति सहायता उपलब्ध कराने हेतु 6 करोड़ रूपये की स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्र झबरेड़ा के अन्तर्गत लाठरदेवा हूण से बुडपुर नूरपुर होते हुये लाठरदेवा शेख मार्ग तक सड़क निर्माण हेतु 116.56 लाख, विधानसभा क्षेत्र सहसपुर के अन्तर्गत भाऊवाला में सम्पर्क मार्ग/आंतरिक मार्गों के निर्माण कार्यों हेतु 211.26 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र नरेन्द्र नगर में 70 वर्षों से जीर्ण शीर्ण पूल्ड हाउस के भवनों के स्थान पर श्रेणी 2 के 24 आवासों का निर्माण कार्य हेतु 489.89 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र रूद्रप्रयाग के अन्तर्गत विकासखण्ड जखोली में सिंराई नन्दवाणगांव भटवारी मोटर मार्ग में डामरीकरण हेतु 187.54 लाख रूपये, विधानसभा सल्ट के अन्तर्गत सुमनलता भदौला मोटर मार्ग से सेरा कैलानी तल्ला भनेरिया तक मोटर मार्ग हेतु 107.95 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र देवप्रयाग के अन्तर्गत विभिन्न 02 निर्माण कार्यों हेतु 152.55 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र डीडीहाट के अन्तर्गत अल्काथल नैनादेवी मोटर मार्ग में डामरीकरण एवं सुधारीकरण हेतु 258.21 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र कपकोट के अन्तर्गत विभिन्न 2 निर्माण कार्यों हेतु 132.48 लाख रूपये की स्वीकृति के साथ ही जल जीवन मिशन के अन्तर्गत जनपद पौड़ी गढ़वाल की कण्डारस्यूं पेयजल योजना हेतु 2064.57 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।

मुख्यमंत्री ने विभिन्न महाविद्यालयों में पदों के सृजन हेतु प्रदान की स्वीकृति
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद नैनीताल के हल्द्वानी शहर में नवीन राजकीय स्नातक महाविद्यालय खोले जाने हेतु 25 पदों, जनपद अल्मोड़ा के अन्तर्गत दन्या में नवीन राजकीय स्नातक महाविद्यालय खोले जाने हेतु 16 पदों, जनपद हरिद्वार के अन्तर्गत हरिद्वार शहर में नवीन राजकीय स्नातक महाविद्यालय खोले जाने हेतु 27 पदों, जनपद पौड़ी गढ़वाल के अन्तर्गत खिर्सू में नवीन राजकीय स्नातक महाविद्यालय खोले जाने हेतु 10 पदों, जनपद पौड़ी गढ़वाल के अन्तर्गत कल्जीखाल में नवीन राजकीय महाविद्यालय खोले जाने हेतु 10 पदों, पूर्व से संचालित राजकीय महाविद्यालय मजरा महादेव, पौड़ी गढ़वाल में स्नातक स्तर पर 3 पदों, जनपद चमोली के अन्तर्गत देवाल में नवीन राजकीय स्नातक महाविद्यालय खोले जाने हेतु 14 पदों एवं जनपद ऊधमसिंह नगर के नानकमत्ता क्षेत्रान्तर्गत नवीन राजकीय महाविद्यालय के संचालन हेतु 23 पदों के सृजन की स्वीकृति प्रदान की है।

राज्य सरकार की हर संभव सहायता के लिए नीति आयोग तत्पर

नीति आयोग के उपाध्यक्ष डा. राजीव कुमार ने कहा है कि नीति आयोग उत्तराखण्ड के विकास में पार्टनर की भूमिका निभा रहा है। नीति आयोग, उत्तराखण्ड के विकास में अधिक से अधिक मददगार बनने के लिए संकल्पित है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जीएसटी कम्पनसेशन को वर्ष 2022 के बाद भी जारी रखने में सहयोग का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि केंद्रीय योजनाओं के मानकों में फ्लोटिंग पापुलेशन भी शामिल किया जाए। सचिवालय स्थित वीर चंद्र सिंह गढ़वाली सभागार में नीति आयोग के उपाध्यक्ष डा. राजीव कुमार, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, नीति आयोग के वरिष्ठ सलाहकारों और राज्य सरकार के अधिकारियों की बैठक में उत्तराखण्ड के सुनियोजित विकास पर विस्तार से विचार विमर्श किया गया।

नीति आयोग उत्तराखण्ड के विकास में भागीदार
नीति आयोग के उपाध्यक्ष डा. राजीव कुमार ने कहा कि नीति आयोग उत्तराखण्ड के विकास में भागीदार की भूमिका निभा रहा है। राज्य सरकार की विकास से संबंधित हर संभव सहायता की जाएगी। उन्होंने कहा कि विभिन्न विषयों पर राज्य सरकार के पक्ष पर नीति आयोग केंद्र सरकार के मंत्रालयों से बात करेगा। राज्य सरकार के संबंधित अधिकारी भी निरंतर फॉलो अप करें।

जिलों में विकास की प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा दिया जाए
डा. राजीव कुमार ने कहा कि राज्य के विकास के लिए सेक्टरवार प्लान व समग्र प्लान बनाया जाए। उत्तराखण्ड में जिलावार एसडीजी (सतत विकास लक्ष्य) निर्धारित करने को अच्छा कदम बताते हुए कहा कि जिलों में विकास की प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। महत्वपूर्ण संकेतकों पर विशेष ध्यान दिया जाए। इनकी लगातार मॉनिटरिंग जरूरी है।

जमीनी स्तर पर प्रक्रियागत सरलीकरण
नीति आयोग उपाध्यक्ष ने जमीनी स्तर पर प्रक्रियागत सरलीकरण की आवश्यकता बताई। निवेशकों को विभिन्न क्षेत्रों में जो मंजूरियां लेनी होती हैं, उनका सरलीकरण करने के साथ ही जहां तक संभव हो कम किया जाए।

नेचुरल फार्मिंग पर फोकस किया जाए
आर्गेनिक फार्मिंग के साथ ही नेचुरल फार्मिंग पर भी विशेष ध्यान दिया जाए। इससे किसानों की आय को दोगुनी करने में मदद मिल सकती है। उन्होंने प्रत्येक ब्लॉक में एक गांव के प्राकृतिक कृषि के लिए समर्पित करने का सुझाव दिया।
डा. राजीव कुमार ने कहा कि उत्तराखण्ड में स्कूली शिक्षा की बेहतर स्थिति है। परंतु उच्च शिक्षा के लिए बेहतर शिक्षण संस्थाएं कम हैं। छात्रों को बेहतर उच्च शिक्षा राज्य में ही प्राप्त हो सके। इस ओर भी ध्यान दिया जाए। नदियों के पुनर्जीवन पर भी काफी काम किया जा सकता है। इसमें नीति आयोग नमामि गंगे से राज्य को सहायता को दिलवाने के लिए प्रयास करेगा।
पर्यटन में अधिक से अधिक स्थानीय संसाधनों का उपयोग किया जाए। किस तरह से अधिक से अधिक स्थानीय लोगों को इससे जोड़ा जा सकता है, इसके लिए सुनियोजित योजना की जरूरत है। कृषि में हाई वेल्यु उपजों जैसे कि औषधीय खेती, मसाले, फूलों की खेती पर बल देना होगा। डा राजीव कुमार ने इनलैंड कन्टेनर डिपो की स्थापना के लिए निजी क्षेत्र का सहयोग लेने का सुझाव दिया।

फारेस्ट क्लीयरेंस के सरलीकरण के लिए केन्द्र से बात करेगा नीति आयोग
डा राजीव कुमार ने बैठक में दिये गये राज्य के प्रस्तुतीकरण को ध्यान से सुनते हुए कहा कि फोरेस्ट क्लीयरेंस की प्रक्रिया को सरल किये जाने की जरूरत है। इस संबंध में राज्य सरकार के जो भी सुझाव हैं, नीति आयोग को भेजे। इस संबंध में केन्द्र से बात की जाऐगी। उन्होंने नेशनल पार्काे में हाथियों और टाईगर की संख्या में बढोतरी को देखते हुए इनकी केरिंग केपेसिटी का आंकलन किए जाने पर सहमति व्यक्त की।

सतत विकास और अंत्योदय राज्य सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता-सीएम
इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नीति आयोग उपाध्यक्ष डा. राजीव कुमार और उनकी टीम का उत्तराखण्ड में स्वागत करते हुए कहा कि आगामी 9 नवम्बर को उत्तराखण्ड 21 वर्ष का होने जा रहा है। प्रधानमंत्री जी ने हमें लक्ष्य दिया है कि 2025 में जब उत्तराखण्ड 25 वर्ष का होगा तो आदर्श विकसित राज्य हो। केंद्र व राज्य सरकार मिलकर उत्तराखण्ड के तेजी से विकास के लिए काम कर रही हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सतत विकास और अंत्योदय हमारी सर्वाेच्च प्राथमिकता है। जब तक समाज में अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक सरकार और प्रशासन पहुंच नहीं जाते हैं, उन तक विकास का लाभ नहीं पहुचंता है, हम चैन से नहीं बैठेंगे। लोगों को विकास योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ आसानी से मिले, इसके लिए सरलीकरण पर फोकस किया गया है। उद्योगों में सिंगल विंडो सहित तमाम प्रक्रियाओं को सरल किया गया है। इन्वेस्टर्स फ्रेंडली माहौल तैयार किया गया है। उद्यमियों सहित विभिन्न क्षेत्रों के स्टॉक होल्डर्स से संवाद शुरू किया गया है।

बार्डर एरिया डेवलपमेंट में उत्तराखण्ड को अधिक धनराशि का आवंटन हो
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य में सड़क, रेल और एयर कनेक्टीवीटी पर काफी काम किया गया है। राज्य को केंद्र से पूरा सहयोग मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड को जीएसटी कम्पनसेशन वर्ष 2022 में समाप्त हो रहा है। इससे राज्य के लिए वित्तीय समस्या खड़ी हो जाएगी। राज्य के सीमित संसाधनों को देखते हुए इसे उत्तराखण्ड के लिए आगे भी जारी रखे जाने की जरूरत है। चीन व नेपाल के साथ अंतरराष्ट्रीय सीमाओं के कारण उत्तराखण्ड की महत्वपूर्ण सामरिक स्थिति है। यहां बार्डर एरिया डेवलपमेंट प्लान में और अधिक धनराशि दिए जाने की आवश्यकता है।
मुख्यमंत्री ने राज्य के कुमायूं क्षेत्र में एक और एम्स की स्थापना किए जाने के साथ ही लखवाड़ व्यासी परियोजना, जमरानी बहुद्देशीय परियोजना, सौंग बांध सहित राज्य सरकार के विभिन्न प्रस्तावों को अंतिम मंजूरी दिलाए जाने में सहयोग का अनुरोध किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय योजनाओं के मानकों में फ्लोटिंग पॉपुलेशन को भी शामिल किया जाना चाहिए।
बैठक में राज्य सरकार द्वारा नीति आयोग के समक्ष राज्य के विकास से संबंधित विभिन्न विषयों पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया। इस अवसर पर नीति आयोग की वरिष्ठ सलाहकार डॉ नीलम पटेल, अनुराग गोयल, नीति आयोग उपाध्यक्ष के निजी सचिव रवीन्द्र प्रताप सिंह, सलाहकार अविनाश मिश्रा, डा प्रेम सिंह, उत्तराखण्ड की अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, मनीषा पंवार, आनंद बर्द्धन सहित शासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। सचिव नियोजन डॉ बी वी आर सी पुरुषोत्तम ने प्रस्तुतीकरण दिया।

श्रीनगर में शिक्षकों की हत्या पर रोष जताया, शोक सभा में दी श्रद्धाजंली

आम आदमी पार्टी के बुद्विजीवी प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष राजे सिंह नेगी ने श्रीनगर के ईदगाह क्षेत्र में एक महिला सहित दो निर्दाेष स्कूली शिक्षकों की आतंकवादियों द्वारा की गई निर्मम हत्या की पुरजोर शब्दों में निंदा की है। पार्टी की ओर से आयोजित शोक सभा में मृतक शिक्षकों की आत्मिक शांति के लिए प्रार्थना की गई।
शोक सभा को सम्बोधित करते हुए नेगी ने कहा कि शिक्षा की अलख जगाने वाले शिक्षकों की निर्ममतापूर्वक हत्या से समूचा देश स्तब्ध है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र निर्माता माने जाने वाले शिक्षकों की हत्या के बाद मानवाधिकार के वे समर्थक कहां हैं जो सुरक्षा बलों द्वारा किसी आतंकवादी को मार गिराए जाने पर आवाज उठाने में एक पल भी नहीं गंवाते। उन्होंने मृतक शिक्षकों के परिवार वालों को उचित मुआवजा व सरकारी नौकरी देने की मांग के साथ केन्द्र सरकार से आतंकियों के खिलाफ कड़ी कारवाई की मांग भी की। शोक जताने वालों में जिला संगठन मंत्री दिनेश असवाल विक्रांत भारद्वाज, शिवम भट्ट, आशीष सैनी, रोहिताश आर्य, अनिरुद्ध यादव, हर्ष शर्मा, प्रवीन असवाल, प्रभात झा, अजय रावत, सौरव पुंडीर, नीरज कश्यप, जगदीश कोहली, देवराज नेगी आदि उपस्थित थे।

पीएम को भराडीसैंण विधानसभा भवन के लोकार्पण का निमंत्रण-अग्रवाल

एम्स ऋषिकेश में पीएसए ऑक्सीजन प्लांट का उद्घाटन करने पहुंचे देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने स्वागत एवं अभिनंदन किया। इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष ने प्रदेश की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण के भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा भवन के उद्घाटन के लिए प्रधानमंत्री को आमंत्रित किया।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा है कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री का उत्तराखंड राज्य से विशेष लगाव रहा है एवं देवभूमि उत्तराखंड के विकास के लिए उनका हमेशा एक सकारात्मक दृष्टिकोण रहा है। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर उत्तराखंडवासियों का भी अटूट विश्वास एवं प्रेम रहा है।
एम्स में आयोजित कार्यक्रम के दौरान विधानसभा अध्यक्ष ने एक पत्र सौंपकर प्रधानमंत्री को भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा भवन के उद्घाटन के लिए आमंत्रित किया। साथ ही गैरसैंण आने का न्योता दिया। अग्रवाल ने कहा है कि प्रधानमंत्री ने भी उन्हें आश्वस्त करते हुए गैरसेंण के निमंत्रण के लिए प्रमुखता से विचार करने की बात कही है। विधानसभा अध्यक्ष ने आशा व्यक्त की है कि प्रधानमंत्री उनका आमंत्रण स्वीकार कर जल्द ही भराड़ीसेंण विधानसभा भवन का उद्घाटन कर प्रदेश को एक सौगात देंगे। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त किया है।

एसओपी का पालन करते हुए चारधाम यात्रा पर आएं श्रद्धालु-सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केदारनाथ धाम के पुनर्निर्माण कार्यों का निरीक्षण करने के बाद देहरादून वापस आकर प्रेस वार्ता की। मुख्यमंत्री आवास स्थित जनता दर्शन हॉल में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए उन्होंने चार धाम आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे कोविड गाइडलाइन को ध्यान में रखते हुए चार धाम के लिए जारी की एसओपी का पूरा पालन करें। यात्रा पर निकलने से पहले अपने सभी जरूरी दस्तावेज और कोविड-19 नेगेटिव रिपोर्ट और वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट को साथ अवश्य लाएं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि न्यायालय ने चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं के लिए प्रतिदिन निर्धारित सीमा को हटा दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि यात्रा भी चलती रहे और यात्रियों की सुरक्षा भी रहे, इसके लिए कोविड गाइड लाइन के तहत यात्रा को सकुशल संपन्न कराया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि यात्रा को लेकर जो भी दिक्कतें हैं उन्हें जल्द दूर करने हेतु निर्देश दे दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने केदारनाथ धाम के पुनर्निर्माण कार्याे की जानकारी देते हुए बताया कि आगामी 30 अक्टूबर तक शंकराचार्य की समाधि का काम पूरा हो जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केदारनाथ धाम के लिए 409 करोड़ के कार्य प्रस्तावित हैं जिनमें 225 करोड़ का कार्य पूरा हो गया है, जबकि फेज 2 में 114 करोड़ का कार्य निर्माणाधीन है। इसी तरह से बदरीनाथ धाम के लिए 245 करोड़ के कार्य प्रस्तावित हैं। मुख्यमंत्री श्री धामी ने जानकारी देते हुए बताया कि चारों धामों हेतु पुनर्निर्माण एवं सौंदर्यीकरण हेतु 708 करोड़ रुपए के कार्य गतिमान और प्रस्तावित हैं।

सीएम हेल्पलाइन को लेकर सीएम सख्त, दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में सीएम हेल्पलाइन-1905 की समीक्षा के दौरान अधिकारियों को निर्देश दिये कि यह सुनिश्चित किया जाय कि सीएम हेल्पलाइन पर प्राप्त जन शिकायतों का समाधान समयबद्धता से हो। इसके लिए एक उच्च स्तरीय मॉनिटरिंग मैकेनिज्म बनाया जाय। एक माह में मुख्य सचिव द्वारा एवं प्रत्येक 15 दिन में विभागीय सचिवों इसकी मॉनिटरिंग के लिए बैठक की जाय।

जन शिकायतों के समाधान में लापरवाही पर सख्त कार्रवाई होगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि सीएम हेल्पलाइन पर जन शिकायतों के समाधान के लिए अगर किसी स्तर पर संबंधित अधिकारी द्वारा लापरवाही बरती जा रही है, तो ऐसे अधिकारियों पर शीघ्र सख्त कार्रवाई की जाय। समाज के अन्तिम पंक्ति तक के लोगों को सीएम हेल्पलाइन से मदद मिले एवं उनकी समस्याओं का समाधान हो, इसकी जानकारी भी जन-जन तक पहुंचाई जाय। यदि सीएम हेल्पलाइन पर कोई आपातकालीन कॉल आती है, तो संबंधित व्यक्ति की मदद के लिए संबंधित हेल्पलाइन नम्बर या आपातकालीन सेवाओं से उन्हें कनेक्ट करने की व्यवस्था भी की जाय।

सीएम ने शिकायतकर्ताओं से फीडबैक लिया
मुख्यमंत्री ने कहा कि जो शिकायतें या शिकायती पत्र सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय में आती हैं, उन्हें भी सीएम हेल्पलाइन में डाला जाए। जन शिकायतों एवं समस्याओं का समाधान करना सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सीएम हेल्पलाइन 1905 के शिकायतकर्ता अगस्त्यमुनी के पंकज गोस्वामी एवं हल्द्वानी की बीना पंत से फोन से भी वार्ता की। पंकज गोस्वामी ने देवभूमि एप पर पुलिस वेरिफिकेशन के लिए अप्लाई किया था। काफी समय तक वेरिफिकेशन न होने के कारण उन्होंने सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत की थी। उन्होंने बताया कि सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत के 12 घण्टे के अन्दर ही उनका पुलिस वेरिफिकेशन हो गया था। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। बीना ने बताया कि उन्होंने विद्युत से संबंधित समस्या के समाधान के लिए सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत की थी। सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत करने के बाद जल्द ही समस्या का समाधान हो गया था। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया और कहा कि 1905 नम्बर जनसमस्याओं के त्वरित समाधान के लिए काफी कारगर साबित हो रहा है।
निदेशक आईटीडीए डॉ. आशीष कुमार श्रीवास्तव ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नम्बर पर जन शिकायत प्रतिदिन सुबह 8 बजे से रात्रि 12 बजे तक दर्ज की जा रही है। पहले यह रात्रि के 10 बजे तक दर्ज की जा रही थी। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद इसे 2 घण्टे और बढ़ाया गया है। सीएम हैल्पलाईन में 54 विभाग एवं 155 उप विभाग पंजीकृत हैं। समस्याओं के समाधान के लिए चार स्तर बनाये गये हैं। जो क्रमशः ब्लॉक, जिला, विभागाध्यक्ष एवं शासन स्तर तक है। सीएम हेल्पलाइन 1905 पर अभी तक कुल 174250 शिकायतें दर्ज की जा चुकी हैं। जिसमें से 105060 शिकायतकर्ता की संतुष्टि के बाद बंद कर दी गई है। शेष पर अलग-अलग स्तर पर प्रक्रिया गतिमान है।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन, प्रमुख सचिव आर.के.सुधांशु, सचिव शैलेश बगोली, अरविन्द सिंह ह्यांकी, विनोद कुमार सुमन, अपर सचिव सोनिका उपस्थित थे।

प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर डीजीपी ने दिए निर्देश

पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रस्तावित जनपद देहरादून (एम्स ऋषिकेश) भ्रमण कार्यक्रम की तैयारियों के सम्बन्ध में पुलिस मुख्यालय सभागार में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की एक बैठक ली। बैठक के दौरान प्रधानमंत्री के जनपद भ्रमण कार्यक्रम के दृष्टिगत किए गए सुरक्षा-प्रबंधों की समीक्षा की गई तथा वर्तमान सुरक्षा परिदृश्य के दृष्टिगत सभी को सजग व सतर्क रहकर अपना कर्तव्य निर्वहन करने हेतु निर्देशित किया गया।
बैठक के दौरान अशोक कुमार द्वारा निम्न निर्देश दिये-
1. एयरपोर्ट जौलीग्रांट, हैलीपैड एवं कार्यक्रम स्थल एम्स ऋषिकेश की सुरक्षों मानकों के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था की जाये।
2. यह सुनिश्चित कर लिया जाये कि वीवीआईपी फ्लीट में लगे वाहन सही स्थिति में हो तथा चालकों का चरित्र सत्यापन एवं चिकित्सा परीक्षण समय से करा लिया जाये।
3. जौलीग्रांट एयरपोर्ट में एयर ट्रैफिक कन्ट्रोलर से समन्वय स्थापित कर लिया जाये।
4. वीवीआईपी कार्यक्रम के दौरान स्थानीय जनता को कम दिक्कत हो और सुरक्षा के मानक अपनी जगह बने रहे इसको लेकर यातायात प्लान बनाया जाये।
5. वीवीआईपी ड्यूटी के लिए जारी कोविड गाइडलाइन का शत प्रतिशत अनुपालन कराना सुनिश्चित किया जाये।
6. कार्यक्रम स्थल के अन्दर केवल अधिकृत व्यक्तियों को ही प्रवेश कराया जाये।
7. कार्यक्रम स्थल पर अग्निशमन उपकरणों की भी पर्याप्त व्यवस्था हो।
8. ब्रीफिंग एवं रिहर्सल समय से कराने हेतु निर्देशित किया।
बैठक में पुलिस महानिरीक्षक, अपराध एवं कानून व्यवस्था वी मुरूगेशन, पुलिस महानिरीक्षक, अभिसूचना एवं सुरक्षा संजय गुंज्याल, पुलिस उपमहानिरीक्षक, सुरक्षा कृष्ण कुमार वीके, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, देहरादून जन्मेजय खंडूरी, पुलिस अधीक्षक, अभिसूचना निवेदिता कुकरेती कुमार, सहित अन्य पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।

तीर्थनगरी में नशे के बढ़ते कारोबार पर खरोला ने जताई चिंता

उत्तराखंड कांग्रेस के प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला ने कहा कि यह बहुत दुख की बात है कि ऋषिकेश के अंदर नशीले पदार्थाे की अवैध बिक्री में जबरदस्त बढ़ोत्तरी हुई है। नशा कारोबारी ऋषिकेश के युवाओं को ही पैसो का झासा देकर उनसे नशीले पदार्थाे की बिक्री के लिए उकसा रहे है और आये दिन उनमे से कुछ पकड़ में आ रहे है।
खरोला ने कहा कि आखिर राज्य के अंदर उत्तराखंड सरकार नशीले पदार्थाे की अवैध बिक्री में लगाम क्यों नहीं लगा पा रही है। आखिर किसने सरकारी संरक्षण दे रखा है जिससे इतनी तेजी से अवैध नशीले पदार्थ ऋषिकेश में पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि केवल अवैध शराब ही नहीं इसके अलावा स्मैक, चरस, गांजा, हेरोइन आदि की खबरे आये दिन सुर्खियों में रहती है ।
खरोला ने कहा कि बेरोजगारी बढ़ने से स्थानीय युवाओं को अन्य राज्य के नशा कारोबारी बहला कर अपने नशा के कारोबार को स्थानीय तस्कर बना देते है और यहां आये हुए पर्यटक ऊंचे दामों में स्थानीय तस्करों से नशीले पदार्थ खरीदते हैं।
खरोला ने कहा कि सरकार और स्थानीय विधायक आंख मुंद कर बैठे हुए है। उन्हें राज्य और ऋषिकेश के युवाओं के भविष्य से कुछ लेना देना नहीं हैं रोजगार का वादा देकर भाजपा ने बस युवाओं को ठगा है। भाजपा को बस चुनाव में युवाओं का वोट चाहिए और चुनाव के बाद युवा चाहे नशे के तरफ जाए या रोजगार के लिए आंदोलन करे उससे भाजपा सरकार को फर्क नही पड़ता।
खरोला ने कहा कि अगर जल्द से जल्द ऋषिकेश में नशे के विरुद्ध शासन प्रशासन कोई बड़ा अभियान चलाकर नशीले पदार्थाे की बिक्री में लगाम नहीं लगाया जाता है तो क्षेत्रवासियो के साथ कांग्रेस उग्र आन्दोलन के लिए बाध्य होगी ।